3821 GI/2019 (1) jftLVªh laö Mhö ,yö&33004@99 REGD. NO. D. L.-33004/99 vlk/kj.k EXTRAORDINARY Hkkx III—[k.M 4 PART III—Section 4 izkf/dkj ls izdkf'kr PUBLISHED BY AUTHORITY la- 268] ubZ fnYyh] 'kqØokj] tqykbZ 26] 2019@Jko.k 4] 1941 No. 268] NEW DELHI, FRIDAY, JULY 26, 2019/ SHRAVANA 4, 1941 भारतीय बीमा िविनयामक और िवका…
3821 GI/2019 (1) jftLVªh laö Mhö ,yö&33004@99 REGD. NO. D. L.-33004/99 vlk/kj.k EXTRAORDINARY Hkkx III—[k.M 4 PART III—Section 4 izkf/dkj ls izdkf'kr PUBLISHED BY AUTHORITY la- 268] ubZ fnYyh] 'kqØokj] tqykbZ 26] 2019@Jko.k 4] 1941 No. 268] NEW DELHI, FRIDAY, JULY 26, 2019/ SHRAVANA 4, 1941 भारतीय बीमा िविनयामक और िवकास ािधकरण भारतीय बीमा िविनयामक और िवकास ािधकरण भारतीय बीमा िविनयामक और िवकास ािधकरण भारतीय बीमा िविनयामक और िवकास ािधकरण अिधसूचना अिधसूचना अिधसूचना अिधसूचना हैदराबाद, 24 जुलाई, 2019 भारतीय बीमा िविनयामक और िवकास ािधकरण (बीमा िवपणन फम का रिजीकरण) (संशोधन) िविनयम, 2019 भारतीय बीमा िविनयामक और िवकास ािधकरण (बीमा िवपणन फम का रिजीकरण) (संशोधन) िविनयम, 2019 भारतीय बीमा िविनयामक और िवकास ािधकरण (बीमा िवपणन फम का रिजीकरण) (संशोधन) िविनयम, 2019 भारतीय बीमा िविनयामक और िवकास ािधकरण (बीमा िवपणन फम का रिजीकरण) (संशोधन) िविनयम, 2019 फा.सं. भा.बी.िव.िव.ा. फा.सं. भा.बी.िव.िव.ा. फा.सं. भा.बी.िव.िव.ा. फा.सं. भा.बी.िव.िव.ा./िविनयम िविनयम िविनयम िविनयम/9/160/2019 /9/160/2019 /9/160/2019 /9/160/2019.– बीमा िविनयामक और िवकास ािधकरण अिधिनयम, 1999 (1999 का 41) क धारा 2(1)(च), 14 और 26 के साथ प ठत समय-समय पर यथासंशोिधत बीमा अिधिनयम, 1938 (1938 का 4) क धारा 42डी और 42ई के साथ प ठत धारा 114ए (ारा द* शि,य- का योग करते 0ए, ािधकरण बीमा सलाहकार सिमित के साथ परामश3 करने के बाद इसके (ारा भारतीय बीमा िविनयामक और िवकास ािधकरण (बीमा िवपणन फम3 का रिज89ीकरण) िविनयम, 2015 म< िन=िलिखत संशोधन करता है, अथा3त् :- 1. 1. 1. 1. संि$% नाम और ारंभः संि$% नाम और ारंभः संि$% नाम और ारंभः संि$% नाम और ारंभः 1.1 ये िविनयम भारतीय बीमा िविनयामक और िवकास ािधकरण (बीमा िवपणन फम3 का रिज89ीकरण) (संशोधन) िविनयम, 2019 कहलाएँगे। 1.2 ये िविनयम सरकारी राजपB म< इनके काशन क तारीख को वृ* ह-गे। उ(े*यः उ(े*यः उ(े*यः उ(े*यः इन िविनयम- का उFेGय देश म< बीमा Hापन को बढ़ाने का उFेGय पूरा करने के िलए बीमा िवपणन फमK क सहायता करने हेतु उMह< एक समथ3कारी प रवेश उपलNध कराने के िलए भारतीय बीमा िविनयामक और िवकास ािधकरण (बीमा िवपणन फम3 का रिज89ीकरण) िविनयम, 2015 म< संशोधन करना है। 2. भारतीय बीमा िविनयामक और िवकास ािधकरण (बीमा िवपणन फम3 का रिज89ीकरण) िविनयम, 2015 म<, 2.1 िविनयम 2 मO िविनयम 2.3 के बाद िन=िलिखत उपबंध िनिवQ Rकया जाएगा, अथा3त् : 2 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART III—SEC. 4] “2.3 2.3 2.3 2.3क क क क “आकां$ापूण िजला आकां$ापूण िजला आकां$ापूण िजला आकां$ापूण िजला” से नीित आयोग, भारत सरकार /ारा इस कार अिभिहत िजला अथवा कोई अ5य से नीित आयोग, भारत सरकार /ारा इस कार अिभिहत िजला अथवा कोई अ5य से नीित आयोग, भारत सरकार /ारा इस कार अिभिहत िजला अथवा कोई अ5य से नीित आयोग, भारत सरकार /ारा इस कार अिभिहत िजला अथवा कोई अ5य आ6थक 7प से िपछड़ा :आ िजला, जो ;क ािधकरण /ारा मा5यताा% हो, अिभेत है। आ6थक 7प से िपछड़ा :आ िजला, जो ;क ािधकरण /ारा मा5यताा% हो, अिभेत है। आ6थक 7प से िपछड़ा :आ िजला, जो ;क ािधकरण /ारा मा5यताा% हो, अिभेत है। आ6थक 7प से िपछड़ा :आ िजला, जो ;क ािधकरण /ारा मा5यताा% हो, अिभेत है।” 2.2 िविनयम 2.9 म<, शNद “तथा इसके योजन- के िलए ािधकरण (ारा जारी Rकया गया वैध माणपB धारण करता है” हटाये जाएँगे। 2.3 िविनयम 2.11 म<, शNद “काय3कलाप- का पय3वेSण करने के िलए” को “काय3कलाप करने के िलए” से ित8थािपत Rकया जाएगा। 2.4 िविनयम 3(क) िन=िलिखत से ित8थािपत Rकया जाएगा, अथा3त् : “ 3( “ 3( “ 3( “ 3(क) क) क) क)(i) (i) (i) (i) बीमाकता> के साथ तालमेल ?वथाः बीमाकता> के साथ तालमेल ?वथाः बीमाकता> के साथ तालमेल ?वथाः बीमाकता> के साथ तालमेल ?वथाः बीमा िवपणन फम (आईएमएफ) ािधकरण बीमा िवपणन फम (आईएमएफ) ािधकरण बीमा िवपणन फम (आईएमएफ) ािधकरण बीमा िवपणन फम (आईएमएफ) ािधकरण को को को को सूिचत सूिचत सूिचत सूिचत करते करते करते करते :ए :ए :ए :ए ;कसी ;कसी ;कसी ;कसी भी भी भी भी समय समय समय समय अिधकतम दो अिधकतम दो अिधकतम दो अिधकतम दो जीवन जीवन जीवन जीवन बीमाकता> बीमाकता> बीमाकता> बीमाकता>, , , , दो दो दो दो साधारण साधारण साधारण साधारण बीमाकता> और बीमाकता> और बीमाकता> और बीमाकता> और दो दो दो दो वाAय वाAय वाAय वाAय बीमाकताओँ बीमाकताओँ बीमाकताओँ बीमाकताओँ केकेकेके बीमा बीमा बीमा बीमा उDपादF उDपादF उDपादF उDपादF कG कG कG कG अपे$ा अपे$ा अपे$ा अपे$ा और और और और ापण ापण ापण ापण करने करने करने करने केकेकेके योजन योजन योजन योजन केकेकेके िलए िलए िलए िलए बीमा बीमा बीमा बीमा िवHेता> िवHेता> िवHेता> िवHेता> (आईएसपी आईएसपी आईएसपी आईएसपी) ) ) ) को को को को िनयुJ िनयुJ िनयुJ िनयुJ करKगे। करKगे। करKगे। करKगे। बशतL ;क बीमा िवपणन फम के पास दो साधारण बीमाकता> के अितMरJ, भारतीय कृिष बीमा कंपनी िल. बशतL ;क बीमा िवपणन फम के पास दो साधारण बीमाकता> के अितMरJ, भारतीय कृिष बीमा कंपनी िल. बशतL ;क बीमा िवपणन फम के पास दो साधारण बीमाकता> के अितMरJ, भारतीय कृिष बीमा कंपनी िल. बशतL ;क बीमा िवपणन फम के पास दो साधारण बीमाकता> के अितMरJ, भारतीय कृिष बीमा कंपनी िल. (एआईसी) और िनयात ऋण गारंटी िनगम िल. (ईसीजीसी) के साथ वचनबS होने का िवकTप होगा। (एआईसी) और िनयात ऋण गारंटी िनगम िल. (ईसीजीसी) के साथ वचनबS होने का िवकTप होगा। (एआईसी) और िनयात ऋण गारंटी िनगम िल. (ईसीजीसी) के साथ वचनबS होने का िवकTप होगा। (एआईसी) और िनयात ऋण गारंटी िनगम िल. (ईसीजीसी) के साथ वचनबS होने का िवकTप होगा। परंतु आगे यह भी परंतु आगे यह भी परंतु आगे यह भी परंतु आगे यह भी शत होगी ;क बीमाकता> के साथ वचनबSता मK कोई भी पMरवतन बीमा िवपणन फम और शत होगी ;क बीमाकता> के साथ वचनबSता मK कोई भी पMरवतन बीमा िवपणन फम और शत होगी ;क बीमाकता> के साथ वचनबSता मK कोई भी पMरवतन बीमा िवपणन फम और शत होगी ;क बीमाकता> के साथ वचनबSता मK कोई भी पMरवतन बीमा िवपणन फम और बीमाकता के बीच ;कये गये करार कG शतU के /ारा िनयंिVत होगा जो करार के िनरसन बीमाकता के बीच ;कये गये करार कG शतU के /ारा िनयंिVत होगा जो करार के िनरसन बीमाकता के बीच ;कये गये करार कG शतU के /ारा िनयंिVत होगा जो करार के िनरसन बीमाकता के बीच ;कये गये करार कG शतU के /ारा िनयंिVत होगा जो करार के िनरसन/समापन समापन समापन समापन/जारी न रखने कG जारी न रखने कG जारी न रखने कG जारी न रखने कG िथित मK संबंिधत बीमाकता /ारा वतमान पािलसीधारकF कG स6वXसग िथित मK संबंिधत बीमाकता /ारा वतमान पािलसीधारकF कG स6वXसग िथित मK संबंिधत बीमाकता /ारा वतमान पािलसीधारकF कG स6वXसग िथित मK संबंिधत बीमाकता /ारा वतमान पािलसीधारकF कG स6वXसग के िलए उपयुJ ?वथा> के साथ होगा। के िलए उपयुJ ?वथा> के साथ होगा। के िलए उपयुJ ?वथा> के साथ होगा। के िलए उपयुJ ?वथा> के साथ होगा। बीमा िवपणन फम बीमाकता> के साथ वचनबSता मK ऐसे ;कसी भी पMरवतन कG सूचना ािधकरण को इस बीमा िवपणन फम बीमाकता> के साथ वचनबSता मK ऐसे ;कसी भी पMरवतन कG सूचना ािधकरण को इस बीमा िवपणन फम बीमाकता> के साथ वचनबSता मK ऐसे ;कसी भी पMरवतन कG सूचना ािधकरण को इस बीमा िवपणन फम बीमाकता> के साथ वचनबSता मK ऐसे ;कसी भी पMरवतन कG सूचना ािधकरण को इस आशय के िलए ािधकरण /ारा आशय के िलए ािधकरण /ारा आशय के िलए ािधकरण /ारा आशय के िलए ािधकरण /ारा िविनZद[ फामLट मK देगा। िविनZद[ फामLट मK देगा। िविनZद[ फामLट मK देगा। िविनZद[ फामLट मK देगा। (ii) (ii) (ii) (ii) बीमा िवपणन फमU के िलए अनुमत उDपादः बीमा िवपणन फमU के िलए अनुमत उDपादः बीमा िवपणन फमU के िलए अनुमत उDपादः बीमा िवपणन फमU के िलए अनुमत उDपादः बीमा िवपणन फम बीमा िवपणन फम बीमा िवपणन फम बीमा िवपणन फम को िन\िलिखत कG अपे$ा अथवा ापण करने कG अनुमित होगीः को िन\िलिखत कG अपे$ा अथवा ापण करने कG अनुमित होगीः को िन\िलिखत कG अपे$ा अथवा ापण करने कG अनुमित होगीः को िन\िलिखत कG अपे$ा अथवा ापण करने कG अनुमित होगीः 1. 1. 1. 1. गैर गैर गैर गैर-ऋणी ;कसानF के िलए फ़सल बीमा और का^बी उDपादF सिहत, वैयिJक और ऋणी ;कसानF के िलए फ़सल बीमा और का^बी उDपादF सिहत, वैयिJक और ऋणी ;कसानF के िलए फ़सल बीमा और का^बी उDपादF सिहत, वैयिJक और ऋणी ;कसानF के िलए फ़सल बीमा और का^बी उDपादF सिहत, वैयिJक और / / / / या खुदरा आधार पर बेचे या खुदरा आधार पर बेचे या खुदरा आधार पर बेचे या खुदरा आधार पर बेचे जानेवाले सभी कार के उDपाद। जानेवाले सभी कार के उDपाद। जानेवाले सभी कार के उDपाद। जानेवाले सभी कार के उDपाद। 2. 2. 2. 2. सू_म, लघु और मaयम उbमF (एमएसएमई) के िलए संपिc, सामूिहक वैयिJक सू_म, लघु और मaयम उbमF (एमएसएमई) के िलए संपिc, सामूिहक वैयिJक सू_म, लघु और मaयम उbमF (एमएसएमई) के िलए संपिc, सामूिहक वैयिJक सू_म, लघु और मaयम उbमF (एमएसएमई) के िलए संपिc, सामूिहक वैयिJक दुघटना, सामूिहक वाAय, दुघटना, सामूिहक वाAय, दुघटना, सामूिहक वाAय, दुघटना, सामूिहक वाAय, जीएसएलआई और मीयादी बीमा पािलिसयाँ। बीमा िवपणन फम (आईएमएफ) को एमएसएमई को छोड़कर ;कसी जीएसएलआई और मीयादी बीमा पािलिसयाँ। बीमा िवपणन फम (आईएमएफ) को एमएसएमई को छोड़कर ;कसी जीएसएलआई और मीयादी बीमा पािलिसयाँ। बीमा िवपणन फम (आईएमएफ) को एमएसएमई को छोड़कर ;कसी जीएसएलआई और मीयादी बीमा पािलिसयाँ। बीमा िवपणन फम (आईएमएफ) को एमएसएमई को छोड़कर ;कसी भी खंड के िलए ?वसाय कG वािणिeयक ?वथा> कG अपे$ा और ापण करने कG अनुमित नहf दी जाएगी। भी खंड के िलए ?वसाय कG वािणिeयक ?वथा> कG अपे$ा और ापण करने कG अनुमित नहf दी जाएगी। भी खंड के िलए ?वसाय कG वािणिeयक ?वथा> कG अपे$ा और ापण करने कG अनुमित नहf दी जाएगी। भी खंड के िलए ?वसाय कG वािणिeयक ?वथा> कG अपे$ा और ापण करने कG अनुमित नहf दी जाएगी। पीकरणः इन िविनयम के योजन के िलए, पीकरणः इन िविनयम के योजन के िलए, पीकरणः इन िविनयम के योजन के िलए, पीकरणः इन िविनयम के योजन के िलए, क. “काबी उपाद काबी उपाद काबी उपाद काबी उपाद” से ािधकरण ारा अनुमो#दत %प म& जीवन, साधारण और वा(य बीमा के उपाद का कोई से ािधकरण ारा अनुमो#दत %प म& जीवन, साधारण और वा(य बीमा के उपाद का कोई से ािधकरण ारा अनुमो#दत %प म& जीवन, साधारण और वा(य बीमा के उपाद का कोई से ािधकरण ारा अनुमो#दत %प म& जीवन, साधारण और वा(य बीमा के उपाद का कोई भी संयोजन अिभेत है। भी संयोजन अिभेत है। भी संयोजन अिभेत है। भी संयोजन अिभेत है। ख. “सू0म, लघु और म2यम उ3म सू0म, लघु और म2यम उ3म सू0म, लघु और म2यम उ3म सू0म, लघु और म2यम उ3म” का अथ5 समय का अथ5 समय का अथ5 समय का अथ5 समय-समय पर यथासंशोिधत समय पर यथासंशोिधत समय पर यथासंशोिधत समय पर यथासंशोिधत “सू0म, लघु और म2यम उ3म िवकास सू0म, लघु और म2यम उ3म िवकास सू0म, लघु और म2यम उ3म िवकास सू0म, लघु और म2यम उ3म िवकास अिधिनयम, 2006 अिधिनयम, 2006 अिधिनयम, 2006 अिधिनयम, 2006” म& प6रभािषत %प म& म& प6रभािषत %प म& म& प6रभािषत %प म& म& प6रभािषत %प म& होगा। होगा। होगा। होगा।” 2.5 िविनयम 3(ख)(i) िन=िलिखत से ित8थािपत Rकया जाएगा, अथा3त् : “बीमाकता> के ऐसे कायकलाप करना जैसे ;क समय बीमाकता> के ऐसे कायकलाप करना जैसे ;क समय बीमाकता> के ऐसे कायकलाप करना जैसे ;क समय बीमाकता> के ऐसे कायकलाप करना जैसे ;क समय-समय पर यथासंशोिधत भारतीय बीमा िविनयामक और समय पर यथासंशोिधत भारतीय बीमा िविनयामक और समय पर यथासंशोिधत भारतीय बीमा िविनयामक और समय पर यथासंशोिधत भारतीय बीमा िविनयामक और िवकास ािधकरण (भारतीय बीमाकता> /ारा कायकलापF का बाghोतीकरण) िविनयम, 2017 मK अनु िवकास ािधकरण (भारतीय बीमाकता> /ारा कायकलापF का बाghोतीकरण) िविनयम, 2017 मK अनु िवकास ािधकरण (भारतीय बीमाकता> /ारा कायकलापF का बाghोतीकरण) िविनयम, 2017 मK अनु िवकास ािधकरण (भारतीय बीमाकता> /ारा कायकलापF का बाghोतीकरण) िविनयम, 2017 मK अनुमत हj मत हj मत हj मत हj;”;”;”;” ¹Hkkx IIIµ[k.M 4º Hkkjr dk jkti=k % vlk/kj.k 3 2.6 िविनयम 3(ख)(iii) छोड़ Rदया जाएगा। 2.7 िविनयम 4.1(ख) म< शNद “और लागू कर” छोड़ Rदये जाएँगे। 2.8 िविनयम 4.1(ङ) छोड़ Rदया जाएगा। 2.9 िविनयम 4.1(च) म<, शNद “बीमा िवपणन फम3” के बाद िन=िलिखत को िनिवQ Rकया जाएगा, अथा3त् : “य;द बीमा य;द बीमा य;द बीमा य;द बीमा िवपणन फम बीमा Mरपोिज़ िवपणन फम बीमा Mरपोिज़ िवपणन फम बीमा Mरपोिज़ िवपणन फम बीमा Mरपोिज़टरी का अनुमो;दत ?िJ बनने का ताव करता है टरी का अनुमो;दत ?िJ बनने का ताव करता है टरी का अनुमो;दत ?िJ बनने का ताव करता है टरी का अनुमो;दत ?िJ बनने का ताव करता है” 2.10 िविनयम 6.1 को िन=िलिखत से ित8थािपत Rकया जाएगा, अथा3त् : “आवेदक के पास िन\िलिखत कG िनवल मािलयत (नेट वथ) होगीः आवेदक के पास िन\िलिखत कG िनवल मािलयत (नेट वथ) होगीः आवेदक के पास िन\िलिखत कG िनवल मािलयत (नेट वथ) होगीः आवेदक के पास िन\िलिखत कG िनवल मािलयत (नेट वथ) होगीः क. पाँच लाख lपये से अ5यून, य;द आवेदक केवल एक ही िजले के िलए िवकTप दे रहा है, जो पाँच लाख lपये से अ5यून, य;द आवेदक केवल एक ही िजले के िलए िवकTप दे रहा है, जो पाँच लाख lपये से अ5यून, य;द आवेदक केवल एक ही िजले के िलए िवकTप दे रहा है, जो पाँच लाख lपये से अ5यून, य;द आवेदक केवल एक ही िजले के िलए िवकTप दे रहा है, जो एक एक एक एक आकां$ापूण िजला है। आकां$ापूण िजला है। आकां$ापूण िजला है। आकां$ापूण िजला है। बशतL ;क रिजीकरण के नवीकरण के समय आकां$ापूण िजले कG िथित मK पMरवतन से उDपm बशतL ;क रिजीकरण के नवीकरण के समय आकां$ापूण िजले कG िथित मK पMरवतन से उDपm बशतL ;क रिजीकरण के नवीकरण के समय आकां$ापूण िजले कG िथित मK पMरवतन से उDपm बशतL ;क रिजीकरण के नवीकरण के समय आकां$ापूण िजले कG िथित मK पMरवतन से उDपm होनेवाली िनवल मािलयत मK वृिS अिधदेशाDमक है। होनेवाली िनवल मािलयत मK वृिS अिधदेशाDमक है। होनेवाली िनवल मािलयत मK वृिS अिधदेशाDमक है। होनेवाली िनवल मािलयत मK वृिS अिधदेशाDमक है। ख. अ5य सभी मामलF के िलए दस लाख lपये से अ5यून। अ5य सभी मामलF के िलए दस लाख lपये से अ5यून। अ5य सभी मामलF के िलए दस लाख lपये से अ5यून। अ5य सभी मामलF के िलए दस लाख lपये से अ5यून। पीकरणः इन िविनयम के योजन के िल पीकरणः इन िविनयम के योजन के िल पीकरणः इन िविनयम के योजन के िल पीकरणः इन िविनयम के योजन के िलए, ए, ए, ए, “िनवल मािलयत िनवल मािलयत िनवल मािलयत िनवल मािलयत” (नेट वथ5) का अथ5 वही होगा जो कंपनी (नेट वथ5) का अथ5 वही होगा जो कंपनी (नेट वथ5) का अथ5 वही होगा जो कंपनी (नेट वथ5) का अथ5 वही होगा जो कंपनी अिधिनयम, 2013 म& उसके िलए #दया गया है तथा समय अिधिनयम, 2013 म& उसके िलए #दया गया है तथा समय अिधिनयम, 2013 म& उसके िलए #दया गया है तथा समय अिधिनयम, 2013 म& उसके िलए #दया गया है तथा समय-समय पर यथासंशोिधत %प म& होगा। समय पर यथासंशोिधत %प म& होगा। समय पर यथासंशोिधत %प म& होगा। समय पर यथासंशोिधत %प म& होगा। ” 2.11 िविनयम 6.3 म< शNद “Rकसी भी समय बीमा िवपणन फम3 क द* ईRXटी पूँजी अथवा अंशदान के उनचास ितशत से अिधक नहZ होगा” को िन=िलिखत से ित8थािपत Rकया जाएगा, अथा3त् : “ऐसे ितशत कG सीमा> से ऐसे ितशत कG सीमा> से ऐसे ितशत कG सीमा> से ऐसे ितशत कG सीमा> से अिधक नहf होगा जैसा ;क भारतीय बीमा कंपनी अिधक नहf होगा जैसा ;क भारतीय बीमा कंपनी अिधक नहf होगा जैसा ;क भारतीय बीमा कंपनी अिधक नहf होगा जैसा ;क भारतीय बीमा कंपनी (िवदेशी िव िवदेशी िव िवदेशी िव िवदेशी िविन िन िन िनधान धान धान धान) ) ) ) िनयम िनयम िनयम िनयम, 2015 , 2015 , 2015 , 2015 के अधीन समय के अधीन समय के अधीन समय के अधीन समय-समय पर के5n समय पर के5n समय पर के5n समय पर के5n सरकार /ारा िनधाMरत हो। सरकार /ारा िनधाMरत हो। सरकार /ारा िनधाMरत हो। सरकार /ारा िनधाMरत हो।” 2.12 िविनयम 7 म<, िविनयम 7.5 के बाद िन=िलिखत उपबंध िनिवQ Rकया जाएगा, अथा3त् : “7.6 धान अिधकारी के DयागपV अथवा सेवासमाि% अथवा मृDयु होने पर, बीमा िवपणन फम नये धान 7.6 धान अिधकारी के DयागपV अथवा सेवासमाि% अथवा मृDयु होने पर, बीमा िवपणन फम नये धान 7.6 धान अिधकारी के DयागपV अथवा सेवासमाि% अथवा मृDयु होने पर, बीमा िवपणन फम नये धान 7.6 धान अिधकारी के DयागपV अथवा सेवासमाि% अथवा मृDयु होने पर, बीमा िवपणन फम नये धान अिधकारी कG िनयुिJ शीpाितशीp करने के िलए यास करेगा तथा 60 ;दन से अनिधक अविध के अंदर ािधकरण अिधकारी कG िनयुिJ शीpाितशीp करने के िलए यास करेगा तथा 60 ;दन से अनिधक अविध के अंदर ािधकरण अिधकारी कG िनयुिJ शीpाितशीp करने के िलए यास करेगा तथा 60 ;दन से अनिधक अविध के अंदर ािधकरण अिधकारी कG िनयुिJ शीpाितशीp करने के िलए यास करेगा तथा 60 ;दन से अनिधक अविध के अंदर ािधकरण से अनुमोदन कG अपे से अनुमोदन कG अपे से अनुमोदन कG अपे से अनुमोदन कG अपे$ा करेगा। $ा करेगा। $ा करेगा। $ा करेगा। बशतL ;क एक धान अिधकारी कG अनुपिथित मK बीमा िवपणन फम के एक पूणकािलक िनदेशक अथवा बंध बशतL ;क एक धान अिधकारी कG अनुपिथित मK बीमा िवपणन फम के एक पूणकािलक िनदेशक अथवा बंध बशतL ;क एक धान अिधकारी कG अनुपिथित मK बीमा िवपणन फम के एक पूणकािलक िनदेशक अथवा बंध बशतL ;क एक धान अिधकारी कG अनुपिथित मK बीमा िवपणन फम के एक पूणकािलक िनदेशक अथवा बंध भागीदार अथवा ;कसी अ5य वMरq पदनािमत अिधकारी को ािधकरण को सूिचत करते :ए केवल िविनयामक भागीदार अथवा ;कसी अ5य वMरq पदनािमत अिधकारी को ािधकरण को सूिचत करते :ए केवल िविनयामक भागीदार अथवा ;कसी अ5य वMरq पदनािमत अिधकारी को ािधकरण को सूिचत करते :ए केवल िविनयामक भागीदार अथवा ;कसी अ5य वMरq पदनािमत अिधकारी को ािधकरण को सूिचत करते :ए केवल िविनयामक अनुपालन पूरा करने के िलए धान अिधकारी के काय करने अनुपालन पूरा करने के िलए धान अिधकारी के काय करने अनुपालन पूरा करने के िलए धान अिधकारी के काय करने अनुपालन पूरा करने के िलए धान अिधकारी के काय करने और कत?F का िनrपादन करने के िलए ािधकृत ;कया और कत?F का िनrपादन करने के िलए ािधकृत ;कया और कत?F का िनrपादन करने के िलए ािधकृत ;कया और कत?F का िनrपादन करने के िलए ािधकृत ;कया जाए जाए जाए जाए; ; ; ; तथा वह तब तक बीमा ?वसाय कG अपे$ा नहf करेगा जब तक वह भी आव*यक िश$ण ा% नहf करता तथा वह तब तक बीमा ?वसाय कG अपे$ा नहf करेगा जब तक वह भी आव*यक िश$ण ा% नहf करता तथा वह तब तक बीमा ?वसाय कG अपे$ा नहf करेगा जब तक वह भी आव*यक िश$ण ा% नहf करता तथा वह तब तक बीमा ?वसाय कG अपे$ा नहf करेगा जब तक वह भी आव*यक िश$ण ा% नहf करता और परी$ा उcीण नहf करता तथा धान अिधकारी के सभी पाVता मानदंडF को पूरा नरf करता। और परी$ा उcीण नहf करता तथा धान अिधकारी के सभी पाVता मानदंडF को पूरा नरf करता। और परी$ा उcीण नहf करता तथा धान अिधकारी के सभी पाVता मानदंडF को पूरा नरf करता। और परी$ा उcीण नहf करता तथा धान अिधकारी के सभी पाVता मानदंडF को पूरा नरf करता। धा धा धा धान अिधकारी का पMरवतन करने के िलए अऩुरोध इस आशय के िलए ािधकरण न अिधकारी का पMरवतन करने के िलए अऩुरोध इस आशय के िलए ािधकरण न अिधकारी का पMरवतन करने के िलए अऩुरोध इस आशय के िलए ािधकरण न अिधकारी का पMरवतन करने के िलए अऩुरोध इस आशय के िलए ािधकरण /ारा िविनZद[ फामLट मK ;कया /ारा िविनZद[ फामLट मK ;कया /ारा िविनZद[ फामLट मK ;कया /ारा िविनZद[ फामLट मK ;कया जाएगा। जाएगा। जाएगा। जाएगा।” 2.13 िविनयम 9.2 म<, शNद “Mयूनतम 10 लाख \पये के अधीन” िन=िलिखत से ित8थािपत Rकये जाएँगे, अथा3त् : “पूववतt िवcीय वषU के िलए लागू िनवल पूववतt िवcीय वषU के िलए लागू िनवल पूववतt िवcीय वषU के िलए लागू िनवल पूववतt िवcीय वषU के िलए लागू िनवल मािलयत (नेट वथ) कG अपे$ा के समान 5यूनतम रािश के अधीन मािलयत (नेट वथ) कG अपे$ा के समान 5यूनतम रािश के अधीन मािलयत (नेट वथ) कG अपे$ा के समान 5यूनतम रािश के अधीन मािलयत (नेट वथ) कG अपे$ा के समान 5यूनतम रािश के अधीन” 2.14 िविनयम 11.1 म<, शNद “केवल दो जीवन, दो साधारण और दो 8वा8]य बीमा कंपिनय- के” का ित8थापन िन=िलिखत शNद- से Rकया जाएगा, अथा3त् : “इन िविनयमF के िविनयम 3(क) के अनुसार इन िविनयमF के िविनयम 3(क) के अनुसार इन िविनयमF के िविनयम 3(क) के अनुसार इन िविनयमF के िविनयम 3(क) के अनुसार” 4 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART III—SEC. 4] 2.15 िविनयम 11.7 म<, शNद “एफएसई” छोड़ Rदया जाएगा। 2.16 िविनयम 12.1 म<, शNद “ािधकरण (ारा उसे िनलंिबत अथवा िनर8त नहZ Rकया जाता है” के बाद िन=िलिखत शNद िनिवQ Rकये जाएँगे, अथा3त् : “अथवा बीमा िवपणन फम /ारा अvय6पत नहf ;कया जाता अथवा बीमा िवपणन फम /ारा अvय6पत नहf ;कया जाता अथवा बीमा िवपणन फम /ारा अvय6पत नहf ;कया जाता अथवा बीमा िवपणन फम /ारा अvय6पत नहf ;कया जाता” 2.17 िविनयम 12.3 को िन=िलिखत से ित8थािपत Rकया जाएगा, अथा3त् : “य;द ािधकरण ;कसी बीमा िवपणन फम के रिजीकरण को िनलंिबत अथवा िनरत करता है, अथवा ;कसी य;द ािधकरण ;कसी बीमा िवपणन फम के रिजीकरण को िनलंिबत अथवा िनरत करता है, अथवा ;कसी य;द ािधकरण ;कसी बीमा िवपणन फम के रिजीकरण को िनलंिबत अथवा िनरत करता है, अथवा ;कसी य;द ािधकरण ;कसी बीमा िवपणन फम के रिजीकरण को िनलंिबत अथवा िनरत करता है, अथवा ;कसी बीमा िवपणन फम के रिजीकरण के अvयपण को वीकार करता है, तो उJ बीमा िवपणन फम नये बीमा ?वसाय बीमा िवपणन फम के रिजीकरण के अvयपण को वीकार करता है, तो उJ बीमा िवपणन फम नये बीमा ?वसाय बीमा िवपणन फम के रिजीकरण के अvयपण को वीकार करता है, तो उJ बीमा िवपणन फम नये बीमा ?वसाय बीमा िवपणन फम के रिजीकरण के अvयपण को वीकार करता है, तो उJ बीमा िवपणन फम नये बीमा ?वसाय कG अपे$ा (सिलिसट) कG अपे$ा (सिलिसट) कG अपे$ा (सिलिसट) कG अपे$ा (सिलिसट) करना समा% करेगा तथा वतमान पािलिसयF के िलए सेवा दान करना छह महीने के अविध करना समा% करेगा तथा वतमान पािलिसयF के िलए सेवा दान करना छह महीने के अविध करना समा% करेगा तथा वतमान पािलिसयF के िलए सेवा दान करना छह महीने के अविध करना समा% करेगा तथा वतमान पािलिसयF के िलए सेवा दान करना छह महीने के अविध के िलए जारी रखेगा िजसके अंदर बीमा िवपणन फम /ारा संबंिधत बीमाकता> /ारा अथवा ािधकरण के के िलए जारी रखेगा िजसके अंदर बीमा िवपणन फम /ारा संबंिधत बीमाकता> /ारा अथवा ािधकरण के के िलए जारी रखेगा िजसके अंदर बीमा िवपणन फम /ारा संबंिधत बीमाकता> /ारा अथवा ािधकरण के के िलए जारी रखेगा िजसके अंदर बीमा िवपणन फम /ारा संबंिधत बीमाकता> /ारा अथवा ािधकरण के अनुमोदन से ;कसी अ5य मaयवतt /ारा संिवदा> के संबंध मK कारवाई करने के िल अनुमोदन से ;कसी अ5य मaयवतt /ारा संिवदा> के संबंध मK कारवाई करने के िल अनुमोदन से ;कसी अ5य मaयवतt /ारा संिवदा> के संबंध मK कारवाई करने के िल अनुमोदन से ;कसी अ5य मaयवतt /ारा संिवदा> के संबंध मK कारवाई करने के िलए उपयुJ ?वथा कG जाएगी। ए उपयुJ ?वथा कG जाएगी। ए उपयुJ ?वथा कG जाएगी। ए उपयुJ ?वथा कG जाएगी।” 2.18 िविनयम 13.3 और िविनयम 15.3 िन=िलिखत से ित8थािपत Rकये जाएँगे, अथा3त्: “ािधकरण के आदेश से असंतु[ कोई भी आवेदक ितभूित अपीलीय 5यायािधकरण (एसएटी) को अपील तुत कर ािधकरण के आदेश से असंतु[ कोई भी आवेदक ितभूित अपीलीय 5यायािधकरण (एसएटी) को अपील तुत कर ािधकरण के आदेश से असंतु[ कोई भी आवेदक ितभूित अपीलीय 5यायािधकरण (एसएटी) को अपील तुत कर ािधकरण के आदेश से असंतु[ कोई भी आवेदक ितभूित अपीलीय 5यायािधकरण (एसएटी) को अपील तुत कर सकता है। सकता है। सकता है। सकता है।” 2.19 िविनयम 13.4 और िविनयम 15.4 को िन=िलिखत से ित8थािपत Rकया जाएगा, अथा3त् : “य;द आवेदन अवीकृत ;कया जाता है तथा आवेदक आवेदन कG अवीकृित के आदेश के िवlS अपील न करने का य;द आवेदन अवीकृत ;कया जाता है तथा आवेदक आवेदन कG अवीकृित के आदेश के िवlS अपील न करने का य;द आवेदन अवीकृत ;कया जाता है तथा आवेदक आवेदन कG अवीकृित के आदेश के िवlS अपील न करने का य;द आवेदन अवीकृत ;कया जाता है तथा आवेदक आवेदन कG अवीकृित के आदेश के िवlS अपील न करने का चयन करता है अथवा य;द ितभूित अपीलीय 5यायािधकरण अपील को अवीकृत करता है, तो आवेदक चयन करता है अथवा य;द ितभूित अपीलीय 5यायािधकरण अपील को अवीकृत करता है, तो आवेदक चयन करता है अथवा य;द ितभूित अपीलीय 5यायािधकरण अपील को अवीकृत करता है, तो आवेदक चयन करता है अथवा य;द ितभूित अपीलीय 5यायािधकरण अपील को अवीकृत करता है, तो आवेदक रिजीकरण माणपV जारी कर रिजीकरण माणपV जारी कर रिजीकरण माणपV जारी कर रिजीकरण माणपV जारी करने के िलए एक नया आवेदन ािधकरण अथवा ितभूित अपीलीय 5यायािधकरण, ने के िलए एक नया आवेदन ािधकरण अथवा ितभूित अपीलीय 5यायािधकरण, ने के िलए एक नया आवेदन ािधकरण अथवा ितभूित अपीलीय 5यायािधकरण, ने के िलए एक नया आवेदन ािधकरण अथवा ितभूित अपीलीय 5यायािधकरण, जैसी िथित हो, के ऐसे आदेश कG भावी तारीख से एक वष समा% होने के बाद ािधकरण के िवचाराथ तुत जैसी िथित हो, के ऐसे आदेश कG भावी तारीख से एक वष समा% होने के बाद ािधकरण के िवचाराथ तुत जैसी िथित हो, के ऐसे आदेश कG भावी तारीख से एक वष समा% होने के बाद ािधकरण के िवचाराथ तुत जैसी िथित हो, के ऐसे आदेश कG भावी तारीख से एक वष समा% होने के बाद ािधकरण के िवचाराथ तुत कर सकता है। ािधकरण ऐसे आवेदन पर गुण कर सकता है। ािधकरण ऐसे आवेदन पर गुण कर सकता है। ािधकरण ऐसे आवेदन पर गुण कर सकता है। ािधकरण ऐसे आवेदन पर गुण-दोष के आधार पर िवचार कर सकता है। दोष के आधार पर िवचार कर सकता है। दोष के आधार पर िवचार कर सकता है। दोष के आधार पर िवचार कर सकता है।” 2.20 िविनयम 13.5 और िविनयम 13.6 छोड़ Rदये जाएँगे। 2.21 िविनयम 14.2(क) म< शNद “एक वचन-पB 8तुत करेगा” से पहले िन=िलिखत को िनिवQ Rकया जाएगा, अथा3त् : “आवेदक” 2.22 िविनयम 14.3 म<, शNद “और सेवा कर” छोड़ Rदये जाएँगे। दूसरे परंतुक को िन=िलिखत से ित8थािपत Rकया जाएगा, अथा3त् : “परंतु आगे यह भी शत होगी ;क ािधकरण 60 ;दन के बाद, ले;कन रिजीकरण कG समाि% से परंतु आगे यह भी शत होगी ;क ािधकरण 60 ;दन के बाद, ले;कन रिजीकरण कG समाि% से परंतु आगे यह भी शत होगी ;क ािधकरण 60 ;दन के बाद, ले;कन रिजीकरण कG समाि% से परंतु आगे यह भी शत होगी ;क ािधकरण 60 ;दन के बाद, ले;कन रिजीकरण कG समाि% से एक वष से पहले ा% आवेदनF पर गुण एक वष से पहले ा% आवेदनF पर गुण एक वष से पहले ा% आवेदनF पर गुण एक वष से पहले ा% आवेदनF पर गुण-दोष के आधार पर तथा सात सौ पचास lपये के अथदंड का भुगतान करने दोष के आधार पर तथा सात सौ पचास lपये के अथदंड का भुगतान करने दोष के आधार पर तथा सात सौ पचास lपये के अथदंड का भुगतान करने दोष के आधार पर तथा सात सौ पचास lपये के अथदंड का भुगतान करने पर िवचार कर सकता है। पर िवचार कर सकता है। पर िवचार कर सकता है। पर िवचार कर सकता है।” 2.23 िविनयम 15.5 और िविनयम 15.6 छोड़ Rदये जाएँगे। 2.24 िविनयम 25 म< शNद “10 ितशत से अिधक” िन=िलिखत से ित8थािपत Rकये जाएँगे, अथा3त् : “25 25 25 25 ितशत से ितशत से ितशत से ितशत से अिधक अिधक अिधक अिधक”। 2.25 िविनयम 26 म<, शNद “िन=िलिखत अिभलेख- का रखरखाव” के बाद िन=िलिखत को िनिवQ Rकया जाएगा, अथा3त् : “भौितक 7प मK अथवा इलेxा भौितक 7प मK अथवा इलेxा भौितक 7प मK अथवा इलेxा भौितक 7प मK अथवा इलेxािनक 7प मK अथवा दोनF मK िनक 7प मK अथवा दोनF मK िनक 7प मK अथवा दोनF मK िनक 7प मK अथवा दोनF मK”; शNद “पीएमएलए” को िन=िलिखत से ित8थािपत Rकया जाएगा, अथा3त् “धन धन धन धन-शोधन िनवारण अिधिनयम, 2002 शोधन िनवारण अिधिनयम, 2002 शोधन िनवारण अिधिनयम, 2002 शोधन िनवारण अिधिनयम, 2002”; शNद “एसीआर के साथ” को शNद “िविधवत् िविधवत् िविधवत् िविधवत्” से ित8थािपत Rकया जाएगा। 2.26 िविनयम 27 म<, शीष3क म< शNद “बीमा िवपणन फम3 (ारा” छोड़ Rदये जाएँगे। ¹Hkkx IIIµ[k.M 4º Hkkjr dk jkti=k % vlk/kj.k 5 2.27 िविनयम 27.1 म< शNद “िनधा3 रत” को शNद “िविन_दQ” से ित8थािपत Rकया जाएगा। 2.28 िविनयम 27.2 को िन=िलिखत से ित8थािपत Rकया जाएगा, अथा3त् : “बीमा िवपणन फम िन\िलिखत को ा% करने और उनकG िनगरानी करने कG $मता के साथ आव*यक सू बीमा िवपणन फम िन\िलिखत को ा% करने और उनकG िनगरानी करने कG $मता के साथ आव*यक सू बीमा िवपणन फम िन\िलिखत को ा% करने और उनकG िनगरानी करने कG $मता के साथ आव*यक सू बीमा िवपणन फम िन\िलिखत को ा% करने और उनकG िनगरानी करने कG $मता के साथ आव*यक सूचना चना चना चना ौbोिगकG (आईटी) णािलयाँ थािपत करेगाः ौbोिगकG (आईटी) णािलयाँ थािपत करेगाः ौbोिगकG (आईटी) णािलयाँ थािपत करेगाः ौbोिगकG (आईटी) णािलयाँ थािपत करेगाः क) बीमा िवपणन फम /ारा बीमा िवHेता (आईएसपी) को 5यूनतम मजदूरी का भुगतान बीमा िवपणन फम /ारा बीमा िवHेता (आईएसपी) को 5यूनतम मजदूरी का भुगतान बीमा िवपणन फम /ारा बीमा िवHेता (आईएसपी) को 5यूनतम मजदूरी का भुगतान बीमा िवपणन फम /ारा बीमा िवHेता (आईएसपी) को 5यूनतम मजदूरी का भुगतान; ; ; ; ख) बीमा िवपणन फम के रिजटर मK दज Dयेक बीमा िवHेता (आईएसपी) का िववरण, जब तक ;क वह मृDयु बीमा िवपणन फम के रिजटर मK दज Dयेक बीमा िवHेता (आईएसपी) का िववरण, जब तक ;क वह मृDयु बीमा िवपणन फम के रिजटर मK दज Dयेक बीमा िवHेता (आईएसपी) का िववरण, जब तक ;क वह मृDयु बीमा िवपणन फम के रिजटर मK दज Dयेक बीमा िवHेता (आईएसपी) का िववरण, जब तक ;क वह मृDयु अथवा सेवासमाि% अथवा बीमा िवपण अथवा सेवासमाि% अथवा बीमा िवपण अथवा सेवासमाि% अथवा बीमा िवपण अथवा सेवासमाि% अथवा बीमा िवपणन फम कG सेवाओँ से DयागपV के कारण बीमा िवपणन फम के बीमा न फम कG सेवाओँ से DयागपV के कारण बीमा िवपणन फम के बीमा न फम कG सेवाओँ से DयागपV के कारण बीमा िवपणन फम के बीमा न फम कG सेवाओँ से DयागपV के कारण बीमा िवपणन फम के बीमा िवHेता (आईएसपी) के 7प मK रहना समा% न करे िवHेता (आईएसपी) के 7प मK रहना समा% न करे िवHेता (आईएसपी) के 7प मK रहना समा% न करे िवHेता (आईएसपी) के 7प मK रहना समा% न करे, , , , जो ऐसी घटना से 15 ;दन के अंदर ािधकरण को सूिचत जो ऐसी घटना से 15 ;दन के अंदर ािधकरण को सूिचत जो ऐसी घटना से 15 ;दन के अंदर ािधकरण को सूिचत जो ऐसी घटना से 15 ;दन के अंदर ािधकरण को सूिचत करने के अधीन होगा। बीमा िवपणन फम यह सुिनिzत करेगा ;क हर समय कम से कम एक बीमा िवHेता करने के अधीन होगा। बीमा िवपणन फम यह सुिनिzत करेगा ;क हर समय कम से कम एक बीमा िवHेता करने के अधीन होगा। बीमा िवपणन फम यह सुिनिzत करेगा ;क हर समय कम से कम एक बीमा िवHेता करने के अधीन होगा। बीमा िवपणन फम यह सुिनिzत करेगा ;क हर समय कम से कम एक बीमा िवHेता (आईएसपी (आईएसपी (आईएसपी (आईएसपी) ित कायालय रहेगा। तथािप, मृDयु अथवा सेवासमाि% अथवा बीमा िवHेता (आईएसपी) के ) ित कायालय रहेगा। तथािप, मृDयु अथवा सेवासमाि% अथवा बीमा िवHेता (आईएसपी) के ) ित कायालय रहेगा। तथािप, मृDयु अथवा सेवासमाि% अथवा बीमा िवHेता (आईएसपी) के ) ित कायालय रहेगा। तथािप, मृDयु अथवा सेवासमाि% अथवा बीमा िवHेता (आईएसपी) के आकिमक िनगम के मामले मK बीमा िवपणन फम तDकाल, परंतु बीमा िवHेता (आईएसपी) कG आकिमक िनगम के मामले मK बीमा िवपणन फम तDकाल, परंतु बीमा िवHेता (आईएसपी) कG आकिमक िनगम के मामले मK बीमा िवपणन फम तDकाल, परंतु बीमा िवHेता (आईएसपी) कG आकिमक िनगम के मामले मK बीमा िवपणन फम तDकाल, परंतु बीमा िवHेता (आईएसपी) कG मृDयु मृDयु मृDयु मृDयु/सेवासमाि% सेवासमाि% सेवासमाि% सेवासमाि%/बीमा िवHेता (आईएसपी) के िनगम से 60 ;दन से अनिधक अविध मK एक बी बीमा िवHेता (आईएसपी) के िनगम से 60 ;दन से अनिधक अविध मK एक बी बीमा िवHेता (आईएसपी) के िनगम से 60 ;दन से अनिधक अविध मK एक बी बीमा िवHेता (आईएसपी) के िनगम से 60 ;दन से अनिधक अविध मK एक बीमा िवHेता मा िवHेता मा िवHेता मा िवHेता (आईएसपी) कG िनयुिJ करेगा तथा कोई असुिवधा उDपm ;कये िबना अपने वतमान पािलसीधारकF को िनरंतर (आईएसपी) कG िनयुिJ करेगा तथा कोई असुिवधा उDपm ;कये िबना अपने वतमान पािलसीधारकF को िनरंतर (आईएसपी) कG िनयुिJ करेगा तथा कोई असुिवधा उDपm ;कये िबना अपने वतमान पािलसीधारकF को िनरंतर (आईएसपी) कG िनयुिJ करेगा तथा कोई असुिवधा उDपm ;कये िबना अपने वतमान पािलसीधारकF को िनरंतर सेवाएँ दान करेगा। सेवाएँ दान करेगा। सेवाएँ दान करेगा। सेवाएँ दान करेगा। ग) बीमा िवHेताओँ (आईएसपी) का कोई पMरवधन भी ािधकरण को िनयुिJ से 15 ;दन के अंदर सूिचत ;कया बीमा िवHेताओँ (आईएसपी) का कोई पMरवधन भी ािधकरण को िनयुिJ से 15 ;दन के अंदर सूिचत ;कया बीमा िवHेताओँ (आईएसपी) का कोई पMरवधन भी ािधकरण को िनयुिJ से 15 ;दन के अंदर सूिचत ;कया बीमा िवHेताओँ (आईएसपी) का कोई पMरवधन भी ािधकरण को िनयुिJ से 15 ;दन के अंदर सूिचत ;कया जाएगा। जाएगा। जाएगा। जाएगा।” 2.29 िविनयम 27 म<, िविनयम 27.2 के बाद िन=िलिखत उपबंध िनिवQ Rकया जाएगा, अथा3त् : “27.3 “27.3 “27.3 “27.3 ािधकरण के ित बीमाकता> के दाियDव ािधकरण के ित बीमाकता> के दाियDव ािधकरण के ित बीमाकता> के दाियDव ािधकरण के ित बीमाकता> के दाियDव (क) Dयेक बीमाकता Dयेक बीमाकता Dयेक बीमाकता Dयेक बीमाकता i.i.i.i. ािधकरण के पास वा6षक 7प से बीमा के ?ापन के िलए बीमा िवपणन फमU (आईएमएफ) के ािधकरण के पास वा6षक 7प से बीमा के ?ापन के िलए बीमा िवपणन फमU (आईएमएफ) के ािधकरण के पास वा6षक 7प से बीमा के ?ापन के िलए बीमा िवपणन फमU (आईएमएफ) के ािधकरण के पास वा6षक 7प से बीमा के ?ापन के िलए बीमा िवपणन फमU (आईएमएफ) के उपयोग हेतु कंपनी /ारा बनाई गई नीित कG ए उपयोग हेतु कंपनी /ारा बनाई गई नीित कG ए उपयोग हेतु कंपनी /ारा बनाई गई नीित कG ए उपयोग हेतु कंपनी /ारा बनाई गई नीित कG एक ित फाइल करेगा। क ित फाइल करेगा। क ित फाइल करेगा। क ित फाइल करेगा। ii.ii.ii.ii. ऊपर खंड ऊपर खंड ऊपर खंड ऊपर खंड (i) (i) (i) (i) मK बताये गये 7प मK तुत कG गई नीित मK य;द कोई पMरवतन ;कये जाते हj, तो उसके मK बताये गये 7प मK तुत कG गई नीित मK य;द कोई पMरवतन ;कये जाते हj, तो उसके मK बताये गये 7प मK तुत कG गई नीित मK य;द कोई पMरवतन ;कये जाते हj, तो उसके मK बताये गये 7प मK तुत कG गई नीित मK य;द कोई पMरवतन ;कये जाते हj, तो उसके कारणF सिहत ऐसे पMरवतन से 15 ;दन के अंदर ािधकरण के पास फाइल करेगा। कारणF सिहत ऐसे पMरवतन से 15 ;दन के अंदर ािधकरण के पास फाइल करेगा। कारणF सिहत ऐसे पMरवतन से 15 ;दन के अंदर ािधकरण के पास फाइल करेगा। कारणF सिहत ऐसे पMरवतन से 15 ;दन के अंदर ािधकरण के पास फाइल करेगा। (ख) ;कसी बीमा िवपणन फम को रिजीकरण जारी करने के बाद य;द बीमाकता ;कसी बीमा िवपणन फम को रिजीकरण जारी करने के बाद य;द बीमाकता ;कसी बीमा िवपणन फम को रिजीकरण जारी करने के बाद य;द बीमाकता ;कसी बीमा िवपणन फम को रिजीकरण जारी करने के बाद य;द बीमाकता को ;कसी धोखाधड़ी कG घटना को ;कसी धोखाधड़ी कG घटना को ;कसी धोखाधड़ी कG घटना को ;कसी धोखाधड़ी कG घटना अथवा बीमा िवपणन फम /ारा आचरण संिहता के उTलंघन के बारे मK पता चलता है, तो बीमाकता ऐसे अथवा बीमा िवपणन फम /ारा आचरण संिहता के उTलंघन के बारे मK पता चलता है, तो बीमाकता ऐसे अथवा बीमा िवपणन फम /ारा आचरण संिहता के उTलंघन के बारे मK पता चलता है, तो बीमाकता ऐसे अथवा बीमा िवपणन फम /ारा आचरण संिहता के उTलंघन के बारे मK पता चलता है, तो बीमाकता ऐसे उTलंघन के संबंध मK िवतृत जाँच करेगा, तथा 30 ;दन के अंदर ािधकरण को िसफाMरशF के साथ िवतृत उTलंघन के संबंध मK िवतृत जाँच करेगा, तथा 30 ;दन के अंदर ािधकरण को िसफाMरशF के साथ िवतृत उTलंघन के संबंध मK िवतृत जाँच करेगा, तथा 30 ;दन के अंदर ािधकरण को िसफाMरशF के साथ िवतृत उTलंघन के संबंध मK िवतृत जाँच करेगा, तथा 30 ;दन के अंदर ािधकरण को िसफाMरशF के साथ िवतृत गोपनीय Mरपोट तुत करेगा। गोपनीय Mरपोट तुत करेगा। गोपनीय Mरपोट तुत करेगा। गोपनीय Mरपोट तुत करेगा।” 2.30 अनुसूची I के भाग I म<, खंड (ङ) और (च) को िन=िलिखत से ित8थािपत Rकया जाएगा, अथा3त् : “(ङ) िजस वष मK आवेदन तुत ;कया जाता है उससे पूववतt दो वषU के बीमा अनुभव (ङ) िजस वष मK आवेदन तुत ;कया जाता है उससे पूववतt दो वषU के बीमा अनुभव (ङ) िजस वष मK आवेदन तुत ;कया जाता है उससे पूववतt दो वषU के बीमा अनुभव (ङ) िजस वष मK आवेदन तुत ;कया जाता है उससे पूववतt दो वषU के बीमा अनुभव; ; ; ; (च) िजस वष मK आवेदन तुत ;कया जाता है उससे पूववतt पाँच वषU के िवcी (च) िजस वष मK आवेदन तुत ;कया जाता है उससे पूववतt पाँच वषU के िवcी (च) िजस वष मK आवेदन तुत ;कया जाता है उससे पूववतt पाँच वषU के िवcी (च) िजस वष मK आवेदन तुत ;कया जाता है उससे पूववतt पाँच वषU के िवcीय सेवा> के $ेV मK अनुभव के य सेवा> के $ेV मK अनुभव के य सेवा> के $ेV मK अनुभव के य सेवा> के $ेV मK अनुभव के साथ |ातक। साथ |ातक। साथ |ातक। साथ |ातक।” 2.31 अनुसूची I के भाग I म< खंड (च) के बाद िन=िलिखत को ित8थािपत Rकया जाएगा, अथा3त् : “(छ) िव}िवbालय अनुदान आयोग (यूजीसी) छ) िव}िवbालय अनुदान आयोग (यूजीसी) छ) िव}िवbालय अनुदान आयोग (यूजीसी) छ) िव}िवbालय अनुदान आयोग (यूजीसी)/ एआईसीटीई एआईसीटीई एआईसीटीई एआईसीटीई/ ;कसी राeय सरकार अ ;कसी राeय सरकार अ ;कसी राeय सरकार अ ;कसी राeय सरकार अथवा थवा थवा थवा भारत सरकार /ारा भारत सरकार /ारा भारत सरकार /ारा भारत सरकार /ारा मा5यताा% ;कसी मा5यताा% ;कसी मा5यताा% ;कसी मा5यताा% ;कसी संथान संथान संथान संथान / / / / िव}िवbालय से ा% ?वसाय िव}िवbालय से ा% ?वसाय िव}िवbालय से ा% ?वसाय िव}िवbालय से ा% ?वसाय शासन मK माटर उपािध अथवा उसकG समक$ यो~यता शासन मK माटर उपािध अथवा उसकG समक$ यो~यता शासन मK माटर उपािध अथवा उसकG समक$ यो~यता शासन मK माटर उपािध अथवा उसकG समक$ यो~यता; अथवा अथवा अथवा अथवा 6 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART III—SEC. 4] (ज) भारतीय सनदी लेखाकार संघ, नई ;दTली का एसोिसएट (ज) भारतीय सनदी लेखाकार संघ, नई ;दTली का एसोिसएट (ज) भारतीय सनदी लेखाकार संघ, नई ;दTली का एसोिसएट (ज) भारतीय सनदी लेखाकार संघ, नई ;दTली का एसोिसएट / / / / फेलो फेलो फेलो फेलो; ; ; ; अथवा अथवा अथवा अथवा (झ) भारतीय लागत लेखाकार संथान, कोलकाता का एसोिसएट (झ) भारतीय लागत लेखाकार संथान, कोलकाता का एसोिसएट (झ) भारतीय लागत लेखाकार संथान, कोलकाता का एसोिसएट (झ) भारतीय लागत लेखाकार संथान, कोलकाता का एसोिसएट / / / / फेलो फेलो फेलो फेलो; ; ; ; अथवा अथवा अथवा अथवा (ञ) भारती (ञ) भारती (ञ) भारती (ञ) भारतीय कंपनी सिचव संथान, नई ;दTली का कायकारी य कंपनी सिचव संथान, नई ;दTली का कायकारी य कंपनी सिचव संथान, नई ;दTली का कायकारी य कंपनी सिचव संथान, नई ;दTली का कायकारी / / / / ?वसायी ?वसायी ?वसायी ?वसायी; ; ; ; अथवा अथवा अथवा अथवा (ट) समय (ट) समय (ट) समय (ट) समय-समय पर ािधकरण /ारा िविनZद[ कोई अय यो~यता। समय पर ािधकरण /ारा िविनZद[ कोई अय यो~यता। समय पर ािधकरण /ारा िविनZद[ कोई अय यो~यता। समय पर ािधकरण /ारा िविनZद[ कोई अय यो~यता। “ 2.32 अनुसूची I के भाग II म<, खंड (ग) के बाद िन=िलिखत को िनिवQ Rकया जाएगा, अथा3त् : “(घ) य;द तािवत धान अ (घ) य;द तािवत धान अ (घ) य;द तािवत धान अ (घ) य;द तािवत धान अिधकारी ने एक बीमा दलाली कंपनी िधकारी ने एक बीमा दलाली कंपनी िधकारी ने एक बीमा दलाली कंपनी िधकारी ने एक बीमा दलाली कंपनी / / / / कारपोरेट एजKट कारपोरेट एजKट कारपोरेट एजKट कारपोरेट एजKट / वेब वेब वेब वेब संाहक के धान अिधकारी के संाहक के धान अिधकारी के संाहक के धान अिधकारी के संाहक के धान अिधकारी के िलए अपेि$त 7प मK िलए अपेि$त 7प मK िलए अपेि$त 7प मK िलए अपेि$त 7प मK िश$ण ा% ;कया है और िश$ण ा% ;कया है और िश$ण ा% ;कया है और िश$ण ा% ;कया है और परी$ा उcीण कG है, तो उसे बीमा िवपणन फम का धान अिधकारी बनने परी$ा उcीण कG है, तो उसे बीमा िवपणन फम का धान अिधकारी बनने परी$ा उcीण कG है, तो उसे बीमा िवपणन फम का धान अिधकारी बनने परी$ा उcीण कG है, तो उसे बीमा िवपणन फम का धान अिधकारी बनने के िलए िश$ण और परी$ा कG अपे$ा से छूट दी जाए के िलए िश$ण और परी$ा कG अपे$ा से छूट दी जाए के िलए िश$ण और परी$ा कG अपे$ा से छूट दी जाए के िलए िश$ण और परी$ा कG अपे$ा से छूट दी जाएगी। गी। गी। गी। बशतL ;क बीमा िवपणन फम (आईएमएफ) के धान अिधकारी के 7प मK आवेदन कG तारीख से पूववतt पाँच वष कG बशतL ;क बीमा िवपणन फम (आईएमएफ) के धान अिधकारी के 7प मK आवेदन कG तारीख से पूववतt पाँच वष कG बशतL ;क बीमा िवपणन फम (आईएमएफ) के धान अिधकारी के 7प मK आवेदन कG तारीख से पूववतt पाँच वष कG बशतL ;क बीमा िवपणन फम (आईएमएफ) के धान अिधकारी के 7प मK आवेदन कG तारीख से पूववतt पाँच वष कG अविध के अंदर उ अविध के अंदर उ अविध के अंदर उ अविध के अंदर उJ िश$ण ा% ;कया गया J िश$ण ा% ;कया गया J िश$ण ा% ;कया गया J िश$ण ा% ;कया गया हो और परी$ा उcीण कG गई हो। हो और परी$ा उcीण कG गई हो। हो और परी$ा उcीण कG गई हो। हो और परी$ा उcीण कG गई हो।” 2.33 अनुसूची II के भाग I म<, खंड (ग) को िन=िलिखत से ित8थािपत Rकया जाएगा, अथा3त् : “बीमा िवपणन फम /ारा िनयुJ बीमा िवHेता (आईएसपी) को उन बीमाकताओँ के बीमा उDपादF कG अपे$ा और ापण बीमा िवपणन फम /ारा िनयुJ बीमा िवHेता (आईएसपी) को उन बीमाकताओँ के बीमा उDपादF कG अपे$ा और ापण बीमा िवपणन फम /ारा िनयुJ बीमा िवHेता (आईएसपी) को उन बीमाकताओँ के बीमा उDपादF कG अपे$ा और ापण बीमा िवपणन फम /ारा िनयुJ बीमा िवHेता (आईएसपी) को उन बीमाकताओँ के बीमा उDपादF कG अपे$ा और ापण करने के िलए अनुमित दी जाती है िजनके साथ बीमा िवपणन फम (आईएमएफ) ने तालमेल करने के िलए अनुमित दी जाती है िजनके साथ बीमा िवपणन फम (आईएमएफ) ने तालमेल करने के िलए अनुमित दी जाती है िजनके साथ बीमा िवपणन फम (आईएमएफ) ने तालमेल करने के िलए अनुमित दी जाती है िजनके साथ बीमा िवपणन फम (आईएमएफ) ने तालमेल / / / / करार ;कया हो। करार ;कया हो। करार ;कया हो। करार ;कया हो।” 2.34 अनुसूची II के भाग II म<, खंड (ग) म< शNद `अिधवासी’ को िन=िलिखत शNद अथा3त् “िनवासी िनवासी िनवासी िनवासी” से ित8थािपत Rकया जाएगा। 2.35 अनुसूची IV के भाग I म<, खंड (2) को िन=िलिखत से ित8थािपत Rकया जाएगा, अथा3त् : “बीमाकता /ारा बीमा िवपणन फम को पाMरिमक बीमाकता /ारा बीमा िवपणन फम को पाMरिमक बीमाकता /ारा बीमा िवपणन फम को पाMरिमक बीमाकता /ारा बीमा िवपणन फम को पाMरिमक और और और और / / / / या ितफल का भुगतान भारतीय बीमा िविनयामक और या ितफल का भुगतान भारतीय बीमा िविनयामक और या ितफल का भुगतान भारतीय बीमा िविनयामक और या ितफल का भुगतान भारतीय बीमा िविनयामक और िवकास ािधकरण (बीमा एजKटF और बीमा मaयव6तयF को कमीशन अथवा पाMरिमक अथवा ितफल का भुगतान) िवकास ािधकरण (बीमा एजKटF और बीमा मaयव6तयF को कमीशन अथवा पाMरिमक अथवा ितफल का भुगतान) िवकास ािधकरण (बीमा एजKटF और बीमा मaयव6तयF को कमीशन अथवा पाMरिमक अथवा ितफल का भुगतान) िवकास ािधकरण (बीमा एजKटF और बीमा मaयव6तयF को कमीशन अथवा पाMरिमक अथवा ितफल का भुगतान) िविनयम, 2016 (समय िविनयम, 2016 (समय िविनयम, 2016 (समय िविनयम, 2016 (समय- समय पर यथासंशोिधत) के अनुसार होगा। समय पर यथासंशोिधत) के अनुसार होगा। समय पर यथासंशोिधत) के अनुसार होगा। समय पर यथासंशोिधत) के अनुसार होगा। इसके अितMरJ, बीमा िवपणन फम जीवन बीमाकता इसके अितMरJ, बीमा िवपणन फम जीवन बीमाकता इसके अितMरJ, बीमा िवपणन फम जीवन बीमाकता इसके अितMरJ, बीमा िवपणन फम जीवन बीमाकता> से उनके बीमा िवHेताओँ (आईएसपी) कG भतt, िश$ण और > से उनके बीमा िवHेताओँ (आईएसपी) कG भतt, िश$ण और > से उनके बीमा िवHेताओँ (आईएसपी) कG भतt, िश$ण और > से उनके बीमा िवHेताओँ (आईएसपी) कG भतt, िश$ण और परामश (मKटरग) के िलए ?यF कG ितपू6त परामश (मKटरग) के िलए ?यF कG ितपू6त परामश (मKटरग) के िलए ?यF कG ितपू6त परामश (मKटरग) के िलए ?यF कG ितपू6त ा% कर सकता है। यह ितपू6त जीवन बीमाकता> ा% कर सकता है। यह ितपू6त जीवन बीमाकता> ा% कर सकता है। यह ितपू6त जीवन बीमाकता> ा% कर सकता है। यह ितपू6त जीवन बीमाकता> के मामले मK बीमा िवपणन के मामले मK बीमा िवपणन के मामले मK बीमा िवपणन के मामले मK बीमा िवपणन फम फम फम फम (आईएमएफ) /ारा ा% थम वष कमीशन (आईएमएफ) /ारा ा% थम वष कमीशन (आईएमएफ) /ारा ा% थम वष कमीशन (आईएमएफ) /ारा ा% थम वष कमीशन के 50 ितशत और नवीकरण के 50 ितशत और नवीकरण के 50 ितशत और नवीकरण के 50 ितशत और नवीकरण कमीशन कमीशन कमीशन कमीशन के 10 ितशत से अिधक नहf होगा। के 10 ितशत से अिधक नहf होगा। के 10 ितशत से अिधक नहf होगा। के 10 ितशत से अिधक नहf होगा।” 2.36 अनुसूची IV के भाग II म<, खंड (1) के उप-खंड (i) को िन=िलिखत से ित8थािपत Rकया जाएगा, अथा3त् : “बीमा िवपणन फम /ारा िनयुJ Dयेक बीमा िवHे बीमा िवपणन फम /ारा िनयुJ Dयेक बीमा िवHे बीमा िवपणन फम /ारा िनयुJ Dयेक बीमा िवHे बीमा िवपणन फम /ारा िनयुJ Dयेक बीमा िवHेता (आईएसपी) को लागू कानूनF ता (आईएसपी) को लागू कानूनF ता (आईएसपी) को लागू कानूनF ता (आईएसपी) को लागू कानूनF के अनुसार एक िनयत 5यू के अनुसार एक िनयत 5यू के अनुसार एक िनयत 5यू के अनुसार एक िनयत 5यूनतम नतम नतम नतम मािसक वेतन अदा ;क मािसक वेतन अदा ;क मािसक वेतन अदा ;क मािसक वेतन अदा ;कया जाएगा। बीमा िवपणन फम या जाएगा। बीमा िवपणन फम या जाएगा। बीमा िवपणन फम या जाएगा। बीमा िवपणन फम औऱ बीमा िवHेता (आईएसपी) के बीच कG गई ?वथा के आधार पर औऱ बीमा िवHेता (आईएसपी) के बीच कG गई ?वथा के आधार पर औऱ बीमा िवHेता (आईएसपी) के बीच कG गई ?वथा के आधार पर औऱ बीमा िवHेता (आईएसपी) के बीच कG गई ?वथा के आधार पर िनयत मािसक वेतन से अिधक पMरवतt वेतन भी देय हो सकता है। िनयत मािसक वेतन से अिधक पMरवतt वेतन भी देय हो सकता है। िनयत मािसक वेतन से अिधक पMरवतt वेतन भी देय हो सकता है। िनयत मािसक वेतन से अिधक पMरवतt वेतन भी देय हो सकता है।” ” ” ” 2.37 अनुसूची IV के भाग II म<, खंड (2) के उप-खंड (i) को छोड़ Rदया जाएगा तथा उप-खंड (ii) को िन=िलिखत से ित8थािपत Rकया जाएगा, अथा3त्: “एक वैयिJक एजKट थानांतरण नहf कर सकता अथवा धान अिधकारी एक वैयिJक एजKट थानांतरण नहf कर सकता अथवा धान अिधकारी एक वैयिJक एजKट थानांतरण नहf कर सकता अथवा धान अिधकारी एक वैयिJक एजKट थानांतरण नहf कर सकता अथवा धान अिधकारी / / / / बीमा बीमा बीमा बीमा िवHेता (आईएसपी) िवHेता (आईएसपी) िवHेता (आईएसपी) िवHेता (आईएसपी) / बंध भागीदार बंध भागीदार बंध भागीदार बंध भागीदार / िनदेशक िनदेशक िनदेशक िनदेशक के 7प मK बीमा िवपणन फम मK के 7प मK बीमा िवपणन फम मK के 7प मK बीमा िवपणन फम मK के 7प मK बीमा िवपणन फम मK कायहण नहf कर सकता, जब तक वह वतमान एजKसी िनयुिJ कायहण नहf कर सकता, जब तक वह वतमान एजKसी िनयुिJ कायहण नहf कर सकता, जब तक वह वतमान एजKसी िनयुिJ कायहण नहf कर सकता, जब तक वह वतमान एजKसी िनयुिJ से DयागपV नहf से DयागपV नहf से DयागपV नहf से DयागपV नहf देता और इन िविनयमF मK यथािविनZद[ पाVता मानदंडF को पूरा नहf करता। देता और इन िविनयमF मK यथािविनZद[ पाVता मानदंडF को पूरा नहf करता। देता और इन िविनयमF मK यथािविनZद[ पाVता मानदंडF को पूरा नहf करता। देता और इन िविनयमF मK यथािविनZद[ पाVता मानदंडF को पूरा नहf करता। बशतL ;क थानांतरण करनेवाले अथवा ;कसी बीमा िवपण बशतL ;क थानांतरण करनेवाले अथवा ;कसी बीमा िवपण बशतL ;क थानांतरण करनेवाले अथवा ;कसी बीमा िवपण बशतL ;क थानांतरण करनेवाले अथवा ;कसी बीमा िवपणन फम मK कायहण करनेवाले न फम मK कायहण करनेवाले न फम मK कायहण करनेवाले न फम मK कायहण करनेवाले एजKट के एजKसी लाभ जारी एजKट के एजKसी लाभ जारी एजKट के एजKसी लाभ जारी एजKट के एजKसी लाभ जारी रखना संबंिधत बीमाकता> कG बोड /ारा अनुमो;द रखना संबंिधत बीमाकता> कG बोड /ारा अनुमो;द रखना संबंिधत बीमाकता> कG बोड /ारा अनुमो;द रखना संबंिधत बीमाकता> कG बोड /ारा अनुमो;दत नीित /ारा िनयंिVत ;कया जाएगा। त नीित /ारा िनयंिVत ;कया जाएगा। त नीित /ारा िनयंिVत ;कया जाएगा। त नीित /ारा िनयंिVत ;कया जाएगा।” ¹Hkkx IIIµ[k.M 4º Hkkjr dk jkti=k % vlk/kj.k 7 2.38 अनुसूची IV के भाग II म<, खंड (2) के उप-खंड (iii) म<, शNद “लाइस<सा`” को िन=िलिखत से ित8थािपत Rकया जाएगा, अथा3त् : “िनयुJ िनयुJ िनयुJ िनयुJ” 2.39 अनुसूची IV के भाग III म<, खंड (1) म< शNद “अिधवास” िन=िलिखत से ित8थािपत Rकया जाएगा, अथा3त् : “िनवास िनवास िनवास िनवास” तथा खंड (2) और (3) को िन=िलिखत से ित8थािपत Rकया जाएगा, अथा3त् : “(2) “ “(2) “ “(2) “ “(2) “$ेV $ेV $ेV $ेV” कG पMरभाषा उस िजले के 7प मK कG गई है िजसके िलए बीमा िवपणन फम का रिजीकरण वैध है। कG पMरभाषा उस िजले के 7प मK कG गई है िजसके िलए बीमा िवपणन फम का रिजीकरण वैध है। कG पMरभाषा उस िजले के 7प मK कG गई है िजसके िलए बीमा िवपणन फम का रिजीकरण वैध है। कG पMरभाषा उस िजले के 7प मK कG गई है िजसके िलए बीमा िवपणन फम का रिजीकरण वैध है। रिजीकरण रिजीकरण रिजीकरण रिजीकरण/नवीकरण के िलए एक नवीकरण के िलए एक नवीकरण के िलए एक नवीकरण के िलए एक राeय के अंदर अिधकतम तीन िजलF कG अनुमित है। राeय के अंदर अिधकतम तीन िजलF कG अनुमित है। राeय के अंदर अिधकतम तीन िजलF कG अनुमित है। राeय के अंदर अिधकतम तीन िजलF कG अनुमित है। (3) बीमा िवपणन फम /ारा चयिनत $ेV का उTलेख ािधकरण को आ (3) बीमा िवपणन फम /ारा चयिनत $ेV का उTलेख ािधकरण को आ (3) बीमा िवपणन फम /ारा चयिनत $ेV का उTलेख ािधकरण को आ (3) बीमा िवपणन फम /ारा चयिनत $ेV का उTलेख ािधकरण को आवेदन तुत वेदन तुत वेदन तुत वेदन तुत करते समय आवेदन फाम ए और करते समय आवेदन फाम ए और करते समय आवेदन फाम ए और करते समय आवेदन फाम ए और नवीकरण आवेदन फाम एए मK प[ 7प से ;कया जाएगा। नवीकरण आवेदन फाम एए मK प[ 7प से ;कया जाएगा। नवीकरण आवेदन फाम एए मK प[ 7प से ;कया जाएगा। नवीकरण आवेदन फाम एए मK प[ 7प से ;कया जाएगा। बशतL ;क य;द आवेदक एक से अिधक िजलF बशतL ;क य;द आवेदक एक से अिधक िजलF बशतL ;क य;द आवेदक एक से अिधक िजलF बशतL ;क य;द आवेदक एक से अिधक िजलF के िलए िवकTप दे रहा है, तो उनमK से कम से कम एक िजला आकां$ापूण के िलए िवकTप दे रहा है, तो उनमK से कम से कम एक िजला आकां$ापूण के िलए िवकTप दे रहा है, तो उनमK से कम से कम एक िजला आकां$ापूण के िलए िवकTप दे रहा है, तो उनमK से कम से कम एक िजला आकां$ापूण होना चािहए। होना चािहए। होना चािहए। होना चािहए। आगे यह भी शत होगी ;क बीमा िवपणन फम /ा आगे यह भी शत होगी ;क बीमा िवपणन फम /ा आगे यह भी शत होगी ;क बीमा िवपणन फम /ा आगे यह भी शत होगी ;क बीमा िवपणन फम /ारा कायालय का कोई पMरवधन रा कायालय का कोई पMरवधन रा कायालय का कोई पMरवधन रा कायालय का कोई पMरवधन अथवा पंजीकृत पते मK पMरवतन केवल अथवा पंजीकृत पते मK पMरवतन केवल अथवा पंजीकृत पते मK पMरवतन केवल अथवा पंजीकृत पते मK पMरवतन केवल ािधकरण के ािधकरण के ािधकरण के ािधकरण के पूव अनुमोदन के साथ ही ;कया पूव अनुमोदन के साथ ही ;कया पूव अनुमोदन के साथ ही ;कया पूव अनुमोदन के साथ ही ;कया जाएगा। कायालय के पMर जाएगा। कायालय के पMर जाएगा। कायालय के पMर जाएगा। कायालय के पMरवधन अथवा पंजीकृत पते मK पMरवतन के िलए अनुरोध वधन अथवा पंजीकृत पते मK पMरवतन के िलए अनुरोध वधन अथवा पंजीकृत पते मK पMरवतन के िलए अनुरोध वधन अथवा पंजीकृत पते मK पMरवतन के िलए अनुरोध ािधकरण को इस आशय के िलए िविनZद[ ;कये जानेवाले फामLट मK तुत ;कया जाएगा। ािधकरण को इस आशय के िलए िविनZद[ ;कये जानेवाले फामLट मK तुत ;कया जाएगा। ािधकरण को इस आशय के िलए िविनZद[ ;कये जानेवाले फामLट मK तुत ;कया जाएगा। ािधकरण को इस आशय के िलए िविनZद[ ;कये जानेवाले फामLट मK तुत ;कया जाएगा।” 2.40 अनुसूची IV के भाग III म<, खंड (5) म< िन=िलिखत को ित8थािपत Rकया जाएगा, अथा3त् : “रिज89ीकरण के के के के नवीकरण के िलए आवेदन फाइल करते समय बीमा िवपणन फम अिधकतम तीन िजलF के अधीन नवीकरण के िलए आवेदन फाइल करते समय बीमा िवपणन फम अिधकतम तीन िजलF के अधीन नवीकरण के िलए आवेदन फाइल करते समय बीमा िवपणन फम अिधकतम तीन िजलF के अधीन नवीकरण के िलए आवेदन फाइल करते समय बीमा िवपणन फम अिधकतम तीन िजलF के अधीन अिधक $ेVF के िलए आवेदन कर सकता है। अिधक $ेVF के िलए आवेदन कर सकता है। अिधक $ेVF के िलए आवेदन कर सकता है। अिधक $ेVF के िलए आवेदन कर सकता है।“ 2.41 अनुसूची IV के भाग III म<, खंड (6) को ित8थािपत Rकया जाएगा, अथा3त् : “(6) बीमा िवपणन फम िमक शिJ के अिभिनयोजन सिहत (6) बीमा िवपणन फम िमक शिJ के अिभिनयोजन सिहत (6) बीमा िवपणन फम िमक शिJ के अिभिनयोजन सिहत (6) बीमा िवपणन फम िमक शिJ के अिभिनयोजन सिहत; िव िव िव िवकTप ;दये गये $ेV कTप ;दये गये $ेV कTप ;दये गये $ेV कTप ;दये गये $ेV मK थािपत ;कये जानेवाले कायालयF मK थािपत ;कये जानेवाले कायालयF मK थािपत ;कये जानेवाले कायालयF मK थािपत ;कये जानेवाले कायालयF का िववरण का िववरण का िववरण का िववरण नये रिजीकरण और नवीकरण के नये रिजीकरण और नवीकरण के नये रिजीकरण और नवीकरण के नये रिजीकरण और नवीकरण के िलए आवेदन फाम मK िविनZद[ करेगा। िलए आवेदन फाम मK िविनZद[ करेगा। िलए आवेदन फाम मK िविनZद[ करेगा। िलए आवेदन फाम मK िविनZद[ करेगा। नवीकरण के समय िवकTप ;दये गये नवीकरण के समय िवकTप ;दये गये नवीकरण के समय िवकTप ;दये गये नवीकरण के समय िवकTप ;दये गये अितMरJ $ेVF के संबंध मK गुण अितMरJ $ेVF के संबंध मK गुण अितMरJ $ेVF के संबंध मK गुण अितMरJ $ेVF के संबंध मK गुण-दोष के आधार पर िवचार ;कया जाएगा। दोष के आधार पर िवचार ;कया जाएगा। दोष के आधार पर िवचार ;कया जाएगा। दोष के आधार पर िवचार ;कया जाएगा। बशतL ;क य;द बशतL ;क य;द बशतL ;क य;द बशतL ;क य;द बीमा िवपणन फम के पास एक से अिधक कायालय हj, तो वह बीमा िवपणन फम के पास एक से अिधक कायालय हj, तो वह बीमा िवपणन फम के पास एक से अिधक कायालय हj, तो वह बीमा िवपणन फम के पास एक से अिधक कायालय हj, तो वह सुिनिzत करेगा ;क Dयेक कायालय मK कम सुिनिzत करेगा ;क Dयेक कायालय मK कम सुिनिzत करेगा ;क Dयेक कायालय मK कम सुिनिzत करेगा ;क Dयेक कायालय मK कम से कम एक बीमा िवHेता (आईएसपी) होगा। से कम एक बीमा िवHेता (आईएसपी) होगा। से कम एक बीमा िवHेता (आईएसपी) होगा। से कम एक बीमा िवHेता (आईएसपी) होगा।” 2.42 अनुसूची V के भाग II म<, खंड (क) का उप-खंड (ii) और (iii) िन=िलिखत से ित8थािपत Rकये जाएँगे, अथा3त् : “ii. “ii. “ii. “ii. बीमाकताओँ के साथ वचनबSता मK कोई पMरवतन बीमाकताओँ के साथ वचनबSता मK कोई पMरवतन बीमाकताओँ के साथ वचनबSता मK कोई पMरवतन बीमाकताओँ के साथ वचनबSता मK कोई पMरवतन; iii. iii. iii. iii. बी बी बी बीमा िवेताओँ (आईएसपी) का कोई परवधन अथवा िवलोपन मा िवेताओँ (आईएसपी) का कोई परवधन अथवा िवलोपन मा िवेताओँ (आईएसपी) का कोई परवधन अथवा िवलोपन मा िवेताओँ (आईएसपी) का कोई परवधन अथवा िवलोपन; ” ; ” ; ” ; ” 2.43 अनुसूची VIII के भाग II म<, क. खंड 5 िन=िलिखत से ित8थािपत Rकया जाएगा, अथा3त् : “ािधकरण के आदेश से असंतु ािधकरण के आदेश से असंतु ािधकरण के आदेश से असंतु ािधकरण के आदेश से असंतु[ बीमा िवपणन फम ितभूित अपीलीय 5यायािधकरण को अपील कर सकता है। [ बीमा िवपणन फम ितभूित अपीलीय 5यायािधकरण को अपील कर सकता है। [ बीमा िवपणन फम ितभूित अपीलीय 5यायािधकरण को अपील कर सकता है। [ बीमा िवपणन फम ितभूित अपीलीय 5यायािधकरण को अपील कर सकता है।” ख. खंड 6 िन=िलिखत से ित8थािपत Rकया जाएगा, अथा3त् : “यद उपयु" खंड 5 के अंतगत कये गये आवेदन पर िवचार करने के बाद *ितभूित अपीलीय यद उपयु" खंड 5 के अंतगत कये गये आवेदन पर िवचार करने के बाद *ितभूित अपीलीय यद उपयु" खंड 5 के अंतगत कये गये आवेदन पर िवचार करने के बाद *ितभूित अपीलीय यद उपयु" खंड 5 के अंतगत कये गये आवेदन पर िवचार करने के बाद *ितभूित अपीलीय -यायािधकरण अपील को अ/वीकृत करता -यायािधकरण अपील को अ/वीकृत करता -यायािधकरण अपील को अ/वीकृत करता -यायािधकरण अपील को अ/वीकृत करता है, तो आवेदक रिज/5ीकरण *दान के िलए एक नया आवेदन है, तो आवेदक रिज/5ीकरण *दान के िलए एक नया आवेदन है, तो आवेदक रिज/5ीकरण *दान के िलए एक नया आवेदन है, तो आवेदक रिज/5ीकरण *दान के िलए एक नया आवेदन अंितम अ/वीकृित क6 तारीख से एक वष के बाद ही */तुत कर सकता है। *ािधकरण ऐसे आवेदन पर गुण अंितम अ/वीकृित क6 तारीख से एक वष के बाद ही */तुत कर सकता है। *ािधकरण ऐसे आवेदन पर गुण अंितम अ/वीकृित क6 तारीख से एक वष के बाद ही */तुत कर सकता है। *ािधकरण ऐसे आवेदन पर गुण अंितम अ/वीकृित क6 तारीख से एक वष के बाद ही */तुत कर सकता है। *ािधकरण ऐसे आवेदन पर गुण- दोष के आधार पर िवचार कर सकता है। दोष के आधार पर िवचार कर सकता है। दोष के आधार पर िवचार कर सकता है। दोष के आधार पर िवचार कर सकता है।” 8 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART III—SEC. 4] ग. ग. ग. ग. खंड 7 छोड़ Rदया जाएगा। घ. घ. घ. घ. खंड 8 छोड़ Rदया जाएगा। 2.44 अनुसूची X म<, 4(ख) छोड़ Rदया जाएगा। 2.45 फाम3-ए म<, क) खंड 1.6 के अंतग3त सारणी िन=िलिखत से ित8थािपत क जाएगी, अथा3त् : “ Hम सं. Hम सं. Hम सं. Hम सं. कायकलापF का िववरण कायकलापF का िववरण कायकलापF का िववरण कायकलापF का िववरण जहाँ लागू हो, वहाँ जहाँ लागू हो, वहाँ जहाँ लागू हो, वहाँ जहाँ लागू हो, वहाँ `Mटक Mटक Mटक Mटक’ लगाएँ लगाएँ लगाएँ लगाएँ 1. 1. 1. 1. भारतीय बीमा िविनयामक और िवकास ािधकरण (भारती भारतीय बीमा िविनयामक और िवकास ािधकरण (भारती भारतीय बीमा िविनयामक और िवकास ािधकरण (भारती भारतीय बीमा िविनयामक और िवकास ािधकरण (भारतीय बीमाकता> /ारा य बीमाकता> /ारा य बीमाकता> /ारा य बीमाकता> /ारा कायकलापF का बाghोतीकरण) िविनयम, 2017 के अनुसार अनुमत 7प मK कायकलापF का बाghोतीकरण) िविनयम, 2017 के अनुसार अनुमत 7प मK कायकलापF का बाghोतीकरण) िविनयम, 2017 के अनुसार अनुमत 7प मK कायकलापF का बाghोतीकरण) िविनयम, 2017 के अनुसार अनुमत 7प मK बीमाकता> के बैक आ;फस कायकलाप करना बीमाकता> के बैक आ;फस कायकलाप करना बीमाकता> के बैक आ;फस कायकलाप करना बीमाकता> के बैक आ;फस कायकलाप करना 2. 2. 2. 2. बीमा Mरपोिज़टMरयF का अनुमो;दत ?िJ बनना बीमा Mरपोिज़टMरयF का अनुमो;दत ?िJ बनना बीमा Mरपोिज़टMरयF का अनुमो;दत ?िJ बनना बीमा Mरपोिज़टMरयF का अनुमो;दत ?िJ बनना “ ख) खंड 2.5 शNद “(बीमा िवपणन फम3 और उनके अधीन काय3 करनेवाले आईएसपी उन बaकर- के पास खाता खोल< िजMह-ने िनगरानी के िलए िनयिमत आधार पर बीमा िवपणन फम3 (ारा आईएसपी को Rकये गये भुगतान- से संबंिधत सूचना देने के िलए ािधकरण के साथ करार Rकया है)” छोड़ Rदये जाएँगे। 2.46 अनुबंध-1 म<, bम सं. (क) शNद `एफएमसी‘ छोड़ Rदया जाएगा। 2.47 फाम3 बी म<, खंड 2, मद (ग) के अंतग3त सारणी छोड़ दी जाएगी। 2.48 फाम3 सी म<, खंड 2, मद (ग) के अंतग3त सारणी छोड़ दी जाएगी। 2.49 फाम3 डी म<, खंड 3, मद (ग) के अंतग3त सारणी छोड़ दी जाएगी। 2.50 फाम3 डी म<, खंड 4 छोड़ Rदया जाएगा। 2.51 फाम3 एए म<, खंड 2.5 म< शNद “(भारतीय 8टेट बaक)” छोड़ Rदया जाएगा। 2.52 “बीमा िवपणन फम3 के िलए बीमा िवbेता के cप म< काय3 करने के िलए माणपB” शीष3क से यु, फाम3 छोड़ Rदया जाएगा। डॉ. सुभाष सी. खुं टआ, अfयS [िवgापन. III /4/असा./151/19] INSURANCE REGULATORY AND DEVELOPMENT AUTHORITY OF INDIA NOTIFICATION Hyderabad, the 24th July, 2019 Insurance Regulatory and Development Authority of India (Registration of Insurance Marketing Firm) (Amendment) Regulations, 2019. F. No. IRDAI/Reg/9/160/2019.— In exercise of the powers conferred by Section 114A read with Sec.42 D and 42 E of the Insurance Act, 1938 (4 of 1938), as amended from time to time, read with Sections 2(1)(f), 14 and 26 of the Insurance Regulatory and Development Authority Act, 1999 (41 of 1999), as amended from time to time, the Authority ¹Hkkx IIIµ[k.M 4º Hkkjr dk jkti=k % vlk/kj.k 9 in consultation with the Insurance Advisory Committee, hereby makes the following amendments to the Insurance Regulatory and Development Authority of India (Registration of Insurance Marketing Firm) Regulations, 2015, namely: 1. Short title and commencement: 1.1 These Regulations may be called the Insurance Regulatory and Development Authority of India (Registration of Insurance Marketing Firm) (Amendment) Regulations, 2019. 1.2 They shall come into force on the date of their publication in the Official Gazette. Objective: The objective of these Regulations is to amend the Insurance Regulatory and Development Authority of India (Registration of Insurance Marketing Firm) Regulations, 2015 to provide an enabling environment to the Insurance Marketing Firms in order to help them achieve the objective of increasing insurance penetration in the country. 2. In the Insurance Regulatory and Development Authority of India (Registration of Insurance Marketing Firm) Regulations, 2015, 2.1 In Regulation 2, the following provision shall be inserted after Regulation 2.3, namely: “2.3A “Aspirational District” means a district designated as such by the NITI Aayog, Government of India or any other economically backward district, as may be recognized by the Authority.” 2.2 In Regulation 2.9, the words “and who holds a valid certificate issued by the Authority for the purposes of the same” shall be omitted. 2.3 In Regulation 2.11, the words “supervise the activities” shall be substituted, namely: “carry out the functions”. 2.4 Regulation 3(a) shall be substituted, namely: “3(a)(i) Tie-ups with insurers: The Insurance Marketing Firms (IMF) shall engage Insurance Sales Persons (ISP) for the purpose of soliciting and procuring insurance products of maximum of two Life insurers, two General insurers and two Health insurers at any point of time, under intimation to the Authority. Provided that in addition to two General insurers, Insurance Marketing Firm shall have option to engage with Agriculture Insurance Company of India Ltd. (AIC) and Export Credit Guarantee Corporation Ltd. (ECGC). Provided further that any change in the engagement with the insurers shall be governed by the terms of the agreement entered into between the Insurance Marketing Firm and the insurer, with suitable arrangements for servicing existing policyholders by the concerned insurer, in case of cancellation/termination/discontinuity of agreement. The Insurance Marketing Firm shall intimate the Authority of any such change in the engagement with insurers in the format specified by the Authority in this behalf. “ (ii) Products allowed for Insurance Marketing Firms: The Insurance Marketing Firm shall be allowed to solicit or procure: 1. all kinds of products sold on individual and / or retail basis, including crop insurance for non-loanee farmers and combi products. 2. property, group personal accident, group health, GSLI and term insurance policies for Micro, Small and Medium Enterprises (MSME). The IMF shall not be allowed to solicit and procure commercial lines of business for any segment except for MSMEs. Explanation: For the purpose of these Regulations, a. “Combi products” mean any combination of products of life, general and health insurance as approved by the Authority. b. “Micro, Small and Medium Enterprises” shall have the meaning as defined in ‘The Micro, Small and Medium Enterprises Development Act, 2006’, as amended from time to time.” 2.5 Regulation 3(b)(i) shall be substituted, namely: 10 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART III—SEC. 4] “undertaking such activities of insurers as allowed in the Insurance Regulatory and Development Authority of India (Outsourcing of Activities by Indian Insurers) Regulations, 2017, as amended from time to time;” 2.6 Regulation 3(b)(iii) shall be omitted. 2.7 In Regulation 4.1(b), the words “plus applicable tax” shall be omitted. 2.8 Regulation 4.1(e) shall be omitted. 2.9 In Regulation 4.1(f), after the words “Insurance Marketing Firm”, the following shall be inserted, namely: “, if the Insurance Marketing firm proposes to become approved person of Insurance Repository” 2.10 Regulation 6.1 shall be substituted, namely: “The applicant shall have a net worth of: a. Not less than five lakh rupees, if the applicant is opting for only one district, which is an aspirational district. Provided that increase in net worth arising out of change of status of aspirational district is mandatory at the time of renewal of registration. b. Not less than ten lakh rupees for all other cases. Explanation: For the purposes of these Regulations, “net worth” shall have the meaning assigned to it in the Companies Act, 2013 and as amended from time to time.” 2.11 In Regulation 6.3, the words “do not exceed forty-nine per cent of paid up equity capital or contribution of the Insurance Marketing Firm at any time” shall be substituted, namely: “shall not exceed such per cent of limits as prescribed by the Central Government from time to time, under Indian Insurance Companies (Foreign Investment) Rules, 2015.”. 2.12 In Regulation 7, the following provision shall be inserted after Regulation 7.5, namely: “7.6 On resignation or termination or death of the Principal Officer, the Insurance Marketing Firm shall endeavor to appoint a new Principal Officer at the earliest, and seek approval, within a period not exceeding 60 days, from the Authority. Provided that in the absence of a Principal Officer, a whole time director or managing partner or any other senior designated official of the Insurance Marketing Firm may, under intimation to the Authority, be authorized to act and perform the duties of the Principal Officer to meet regulatory compliance requirements only; and shall not solicit insurance business unless they have also undergone the training and passed the examination, and meet all the eligibility criteria of a Principal Officer. The request for change of Principal Officer shall be made in the format specified by the Authority in this behalf.” 2.13 In Regulation 9.2, the words “subject to a minimum of Rupees ten lakh” shall be substituted, namely “for the preceding financial years subject to a minimum amount equal to the applicable net worth requirement “: 2.14 In Regulation 11.1, the words “of two life, two general and two health insurance companies only” shall be substituted namely, “as per Regulation 3(a) of these Regulations”. 2.15 In Regulation 11.7, the word “, FSEs” shall be omitted. 2.16 In Regulation 12.1, after the words “…suspended or cancelled by the Authority” the following shall be inserted, namely: “or surrendered by the Insurance Marketing Firm” 2.17 Regulation 12.3 shall be substituted, namely: “In case the Authority suspends or cancels the registration of an Insurance Marketing Firm, or accepts the surrender of the registration of an Insurance Marketing Firm, the Insurance Marketing Firm shall cease to solicit new insurance business and continue to service the existing policies for a period of six months within which suitable arrangements shall be made by the Insurance Marketing Firm for having the contracts attended to and serviced by respective insurers or by any other intermediary with the approval of the Authority.” ¹Hkkx IIIµ[k.M 4º Hkkjr dk jkti=k % vlk/kj.k 11 2.18 Regulation 13.3 and Regulation 15.3 shall be substituted, namely “Any applicant, aggrieved by the order of the Authority, may appeal to the Securities Appellate Tribunal.” 2.19 Regulation 13.4 and Regulation 15.4 shall be substituted, namely: “If the application is rejected and the applicant chooses not to appeal against the order of rejection of the application or in case Securities Appellate Tribunal rejects the appeal, the applicant may make a fresh application for issuance of certificate of registration after lapse of one year from effective date of such order of the Authority or the Securities Appellate Tribunal, as the case may be, for consideration by the Authority. The Authority may consider such application on merit.” 2.20 Regulation 13.5 and Regulation 13.6 shall be omitted. 2.21 In Regulation 14.2(a), before the words “Submit an undertaking” the following shall be inserted, namely “The applicant shall” 2.22 In Regulation 14.3, the words “plus service tax” shall be omitted. The second proviso shall be substituted, namely: “Provided further that the Authority may consider applications received after 60 days but before one year of the expiry of the registration based on merits and on payment of a penalty of seven hundred and fifty rupees.” 2.23 Regulation 15.5 and Regulation 15.6 shall be omitted. 2.24 In Regulation 25, the words “exceeding 10%” shall be substituted, namely “exceeding 25%”. 2.25 In Regulation 26, after words “the following records” the following shall be inserted, namely “in physical form or electronic form or both”; the word “PMLA” shall be substituted, namely: “The Prevention of Money- laundering Act, 2002” and the words “with ACR” shall be substituted, namely “duly”. 2.26 In Regulation 27, the words “by the Insurance Marketing Firm” in the heading shall be omitted. 2.27 In Regulation 27.1, the word ‘prescribed’ shall be substituted, namely: ‘specified’. 2.28 Regulation 27.2 shall be substituted, namely: “The Insurance Marketing Firm shall set up necessary IT systems with a capability of obtaining and monitoring: a) Payment of minimum wages to the ISP by the Insurance Marketing Firm; b) Details of each ISP on the rolls of the Insurance Marketing Firm unless he ceases to be an ISP of the Insurance Marketing Firm due to death or termination or resignation from the services of the Insurance Marketing Firm subject to informing the same to the Authority within 15 days of such incidence. The IMF shall ensure that there shall be at least one ISP per Office at all times. However, in case of death or termination or sudden exit of an ISP, the IMF must appoint an ISP immediately, but not later than 60 days of death/termination/exit of ISP and provide continuity of services to their existing policyholders without causing any inconvenience. c) Any addition of ISPs shall also be intimated to the Authority within 15 days of the appointment.” 2.29 In Regulation 27, the following provision shall be inserted after Regulation 27.2, namely: “27.3 Responsibilities of the insurers towards the Authority (a) Every insurer shall: i. File with the Authority, annually, a copy of the policy formulated by the company, for utilization of IMFs for penetration of insurance. ii. File with the Authority, changes if any made in the policy submitted as stated in clause (i) above, within 15 days of such change with reasons thereof. (b) Post issuance of the registration to an IMF, in case the insurer comes to know about any incidence of fraud or violation of code of conduct by the IMF, the insurer shall carry out detailed enquiry into such violation, and submit detailed confidential report to the Authority along with recommendations within 30 days.” 2.30 In Part I of Schedule I, clause (e) and (f) following shall be substituted, namely: 12 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART III—SEC. 4] “(e) Graduate with Insurance experience of two years preceding the year in which the application is made; or (f) Graduate with five years of experience in financial services sector preceding the year in which the application is made”. 2.31 In Part I of Schedule I, after clause (f) following shall be inserted, namely: “ (g) Master’s in Business Administration or its equivalent from any institution / university recognized by UGC / AICTE / any State Government or the Govt. of India; or (h) Associate / Fellow of the Institute of Chartered Accountants of India, New Delhi; or (i) Associate / Fellow of the Institute of Cost Accountants of India, Kolkata; or (j) Executive/Professional of the Institute of Company Secretaries of India, New Delhi; or (k) Any other qualification specified by the Authority from time to time.” 2.32 In Part II of Schedule I, after clause (c) the following shall be inserted, namely: “(d) If the proposed Principal Officer has undergone training and passed examination as required for the Principal Officer of an insurance broking company / Corporate Agent / Web Aggregator, then he / she shall be exempted from training and examination requirement to become the Principal Officer of the Insurance Marketing Firm. Provided that the training and examination was undertaken within a period of five years preceding the date of application as Principal Officer of the IMF.” 2.33 In Part I of Schedule II, clause (C) shall be substituted, namely: “ISPs engaged by the Insurance Marketing Firm are allowed to solicit and procure insurance products of those insurers with whom the IMF has entered into tie-up / agreement.” 2.34 In Part II of Schedule II, in clause (c), the word “domiciled” shall be substituted namely, “resident”. 2.35 In Part I of Schedule IV, clause (2) shall be substituted, namely: “The payment of remuneration and/ or reward to an Insurance Marketing Firm by an insurer shall be as per Insurance Regulatory and Development Authority of India (Payment of commission or remuneration or reward to insurance agents and insurance intermediaries) Regulations, 2016 (as amended from time to time). In addition, the Insurance Marketing Firm may receive reimbursement of expenses from Life insurers towards recruitment, training and mentoring of their ISPs. This reimbursement shall not exceed 50% of first year commission and 10% of renewal commission received by the IMF in case of Life insurers.” 2.36 In Part II of Schedule IV, sub clause (i) of clause (1) shall be substituted, namely: “Every ISP employed by the Insurance Marketing Firm shall be paid a fixed minimum monthly salary as per the applicable laws. Variable pay over and above the fixed monthly salary may also be payable depending on the arrangement between the IMF and the ISP.” 2.37 In Part II of Schedule IV, sub clause (i) of clause (2) shall be omitted and sub clause (ii) shall be substituted, namely: “An individual agent cannot migrate or join Insurance Marketing Firm as PO / ISP / Managing Partner / Director unless he has resigned from his existing agency appointment and meets the eligibility criteria as specified in these Regulations. Provided that the continuation of agency benefits of an agent migrating to or joining an Insurance Marketing Firm shall be governed by the Board approved policy of the respective insurers”. 2.38 In Part II of Schedule IV, in sub clause (iii) of clause (2), the word “licensed” shall be substituted, namely: “employed” 2.39 In Part III of Schedule IV, in clause (1) the word “domiciled” shall be substituted, namely “resident” and clause (2) and (3) shall be substituted, namely: “(2) The “Area” is defined as the district for which the registration of the Insurance Marketing Firm is valid. Maximum of three districts within a State are allowed for registration/renewal. (3) The Area selected by the Insurance Marketing Firm shall be clearly mentioned in the application Form A and renewal application Form AA while submitting the application to the Authority. ¹Hkkx IIIµ[k.M 4º Hkkjr dk jkti=k % vlk/kj.k 13 Provided that if an applicant is opting for more than one district, then at least one of the districts shall be aspirational. Provided further that any addition of office or change in registered address by the Insurance Marketing Firm shall be done only with prior approval from the Authority. Request for addition of office or change in registered address shall be made to the Authority in the format as may be specified in this behalf.” 2.40 In Part III of Schedule IV, in clause (5), the following shall be substituted, namely: “The Insurance Marketing Firm may apply for more areas subject to maximum of three districts while filing the application for Renewal of Registration”. 2.41 In Part III of Schedule IV, in clause (6) shall be substituted, namely: “(6) The Insurance Marketing Firm shall specify the details of the offices to be set up in the Area opted; including manpower deployment in the application form for fresh registration and renewal. The additional areas opted at the time of renewal shall be considered on merits. Provided that if the Insurance Marketing Firm has more than one office, it will ensure that each office shall have at least one ISP.” 2.42 In Part II of Schedule V, sub clause (ii) and (iii) of clause (a) shall be substituted, namely: “ii. any change in the engagement with the insurers; iii. any addition or deletion of ISPs;” 2.43 In Part II of Schedule VIII, a. Clause 5 shall be substituted, namely: “The Insurance Marketing Firm, aggrieved by the Order of the Authority, may appeal to the Securities Appellate Tribunal.” b. Clause 6 shall be substituted namely: “In case the Securities Appellate Tribunal after consideration of the application made under Clause 5 above, rejects the appeal, the applicant can make a fresh application for grant of registration only after one year from the date of final rejection. The Authority may consider such application on merit.” c. Clause 7 shall be omitted. d. Clause 8 shall be omitted. 2.44 In Schedule X, 4(b) shall be omitted. 2.45 In Form-A, a) Table under Clause 1.6 shall be substituted, namely: “ Sl. No. Details of Activities please ‘tick’ wherever applicable 1. undertaking back office activities of insurers as allowed in the Insurance Regulatory and Development Authority of India (Outsourcing of Activities by Indian Insurers) Regulations, 2017 2. becoming approved person of Insurance Repositories “ b) In Clause 2.5 the words “The IMF and ISPs working under them may open account with those Bankers who have entered into an agreement with the Authority for providing information relating to payments made by IMF to ISPs on a regular basis for monitoring)” shall be omitted. 2.46 In Annexure-1, S. No. (a), the word “FMC” shall be omitted. 14 THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY [PART III—SEC. 4] 2.47 In Form B, Table under Clause 2, item (c) shall be omitted. 2.48 In Form C, Table under Clause 2, item (c) shall be omitted. 2.49 In Form D, Table under Clause 3, item (c) shall be omitted. 2.50 In Form D, Clause 4 shall be omitted. 2.51 In Form AA, in Clause 2.5, the words “(State Bank of India)” shall be omitted. 2.52 The Form titled “CERTIFICATE TO ACT AS INSURANCE SALES PERSON FOR AN INSURANCE MARKETING FIRM” shall be omitted. Dr. SUBHASH C. KHUNTIA, Chairman [ ADVT. III/4/Exty/151/19] Uploaded by Dte. of Printing at Government of India Press, Ring Road, Mayapuri, New Delhi-110064 and Published by the Controller of Publications, Delhi-110054. ALOK KUMAR Digitally signed by ALOK KUMAR Date: 2019.07.30 15:30:00 +05'30'
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